इस्लामाबाद: पाकिस्तान ने पूर्व क्रिकेटर और पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के प्रमुख इमरान खान ने सोमवार को अपना चुनावी घोषणापत्र जारी कर दिया. इस्लामाबाद में सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि 25 जुलाई के बाद देश में जिस पार्टी की भी सरकार बनती है उसे अब तक की सबसे बड़ी आर्थिक चुनौतियों का सामना करना पड़ेगा. उन्होंने कहा कि इसके पीछे का कारण देश पर कर्ज है. उन्होंने कहा कि सरकार की खराब और असफल नीतियां गरीबों को और गरीब बना रही हैं.

तहरीक-ए-इंसाफ के प्रमुख ने अपने घोषणापत्र में पाकिस्तान को इस्लामिक कल्याणकारी देशबनाने का वादा किया. इसके साथ ही उन्होंने पड़ोसी देश भारत के साथ इस क्षेत्र में शांति सुनिश्चित करने के लिए नीतियां बनाने की बात कही है. इतना ही नहीं उन्होंने कश्मीर मुद्दे को यूएनएससी के प्रस्तावों के तहत सुलझाने की बात भी कही है.

पार्टी के घोषणापत्र में कहा गया है कि हमारे क्षेत्र में शांति बहाल करने के लिए खास तौर पर भारत के साथ संघर्ष खत्म करने के लिए सुरक्षा और सहयोग की नीति बनाना अहम है. पीटीआई प्रमुख ने कहा, ''हमारा यह घोषणापत्र कोई आसान समाधान नहीं है. पाकिस्तान की समस्याओं का कोई आसान समाधान नहीं है. हमें बड़े बदलाव करना है."

एक रिपोर्ट के मुताबिक, इमरान खान ने कहा कि अगर 25 जुलाई के आम चुनाव में पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ को बहुमत मिलता है तो उनकी योजना 100 दिन के भीतर देश के सामने मौजूद गंभीर आर्थिक और प्रशासनिक संकट दूर करने की होगी. इसके अलावा पार्टी के घोषणापत्र में देश से भ्रष्टाचार खत्म करने, नौकरी मुहैया कराने, सस्ते घर उपलब्ध कराने और देश में टूरिज्म को बढ़ावा देने की दिशा में बड़े कदम उठाए जाने का वादा किया गया है.