वाशिंगटनः अमरीका और चीन के बीच व्यापारिक युुद्व में कमी आने के कोई आसार नजर नहीं आ रहे हैं और अमरीका ने मंगलवार को साफ शब्दों में कह दिया है कि चीन से होने वाले अतिरिक्त 200 अरब डालर कीमत के आयातित सामान पर वह 10 प्रतिशत शुल्क लगाएगा। अमरीकी प्रशासन ने आयात होने वाली चीनी वस्तुओं की एक व्यापक सूची तैयार की है जिन पर शुल्क लगाए जाने का प्रस्ताव है और इसमें सैंकड़ों खाने पीने की वस्तुओं के अलावा, तंबाकू, कोयला, रासायनिक पदार्थ, टायर, कुत्ते और बिल्लियों के खाने पीने के सामान , उपभोक्ता इलैक्ट्रानिक वस्तुएं एवं टेलीविजन सामग्री शामिल है।

अमरीकी व्यापार प्रतिनिधि राबर्ट लाइटजियर ने प्रस्तावित शुल्क की घोषणा करते हुए कहा पिछले काफी समय से ट्रंप प्रशासन ने चीन से बार बार आग्रह किया थ कि वह व्यापार के क्षेत्र मेंगलत नीतियां नहीं अपनाएं और अपने बाजार को खोल दे तथा साफ सुथरी बाजार प्रतिस्पर्धा मेंं हिस्सा ले। लेकिन हमारी जायज चिंताओं पर ध्यान देने के बजाए चीन ने बदले की भावना से काम किया है और हमारे उत्पादों के खिलाफ शत्रुता का रवैया अपना लिया है और हमारा मानना है कि इस तरह की नीति का कोई न्यायोचित कारण भी नहीं है।

पिछले सप्ताह अमरीका ने 34 अरब डालर के चीनी आयातों पर 25 प्रतिशत शुल्क लगाया था और चीन ने इसके तुरंत बाद अपने यहां आयात होने वाले अमरीकी सामानों पर इतना ही शुल्क लगा दिया था। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी कह दिया है कि वह आखिरकार 500 अरब डालर कीमत से अधिक चीनी आयातों पर शुल्क लगा सकते हैं। लेकिन कुछ अमेरिकी व्यापरिक समूहों और वरिष्ठ सांसदों ने अमरीकी की कल की घोषणा की जोरदार निंदा की है और सीनेट की वित्त मामलों की समिति के अध्यक्ष तथा रिपब्लिकन ओरिन हैच ने कहा कि यह जल्दबाजी भरा कदम है और संतुलित नजरिया नहीं अपनाया गया है।