रायपुर: ईज ऑफ डुइंग बिजनेस के तहत छत्तीसगढ़ ने एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर अपनी शानदार कामयाबी का परचम लहराया है. मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने इस पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए वाणिज्य और उद्योग विभाग सहित प्रदेशवासियों को बधाई दी है. उन्होंने कहा कि ईज ऑफ डुइंग बिजनेस की सफलता के लिए राज्य सरकार की ओर से उठाए गए कदमों को एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर प्रशंसा मिली है. इसीलिए छत्तीसगढ़ पूरे देश में टॉप एचीवर राज्य बन गया है.

मुख्यमंत्री ने यहां जारी एक बयान में कहा कि छत्तीसगढ़ ने वर्ष 2015 और वर्ष 2016 में डीआईपीपी-विश्व बैंक की ईज ऑफ डुइंग बिजनेस रैंकिंग में पूरे देश में चौथा स्थान प्राप्त किया था. विश्व बैंक की ताजा रपट के अनुसार वर्ष 2017 में भी छत्तीसगढ़ ने ईज ऑफ डुइंग बिजनेस में प्रगति की थी. इस वर्ष छत्तीसगढ़ ने ईज ऑफ डुइंग बिजनेस के क्रियान्वयन के स्कोर में 99.5 प्रतिशत और फीडबैक स्कोर में 78.5 प्रतिशत के साथ भारत के सर्वाधिक बेहतर प्रदर्शन करने वाले राज्यों की श्रेणी में अपना स्थान बनाया है.

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ को यह शानदार कामयाबी राज्य सरकार की उद्योग-व्यापार हितैषी नीतियों के सफल क्रियान्वयन से मिली है. छत्तीसगढ़ ने ईज ऑफ डुइंग बिजनेस की सफलता के लिए एक व्यापक रणनीति के साथ काम किया है और वाणिज्य और उद्योग जगत के लिए बेहतर वातावरण बनाया है. हमारा प्रयास था कि छत्तीसगढ़ में नए निवेशकों और वर्तमान निवेशकों को अपना व्यापार करने में सुगमता बनी रहे और शुरू से ही उनको प्रत्येक स्तर पर सभी जरूरी सुविधाएं मिलती रहे.

मुख्यमंत्री ने कहा कि उद्यम आकांक्षा के नाम से शुरू की गई एकल खिड़की प्रणाली में अबतक 25 हजार से ज्यादा निवेशक ऑनलाइन पंजीयन करा चुके हैं. सिर्फ तीन साल से भी कम समय में इतनी बड़ी संख्या में निवेशकों द्वारा राज्य सरकार की ऑनलाइन प्रणाली का सफलतापूर्वक उपयोग करना हमारे प्रयासों की कामयाबी को दशार्ता है. राज्य में निर्माण कार्यो के लिए अनुज्ञा जारी करने के उद्देश्य से एक साफ्टवेयर विकसित किया गया है, जिसे भारत सरकार ने सर्वश्रेष्ठ माना है.

डॉ. रमन सिंह ने कहा कि हमने इस साफ्टवेयर को शासन के विभिन्न विभागों और केन्द्र सरकार की एजेंसियों जैसे-भारतीय रेल, विमानतल प्राधिकरण, राष्ट्रीय स्मारक प्राधिकरण आदि संस्थाओं के साथ जोड़ा है. राज्य में एक केन्द्रीय निरीक्षण एजेंसी भी बनाई गई है, जिसमें श्रम विभाग, पर्यावरण संरक्षण मंडल और वाष्प यंत्र निरीक्षण कार्यालय के साथ समन्वय कर निरीक्षण की व्यवस्था की गई है.

उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ देश का पहला राज्य है, जिसने वाणिज्यिक विवादों के निराकरण के लिए नया रायपुर में कामर्शियल कोर्ट की स्थापना की है. इस न्यायालय की सम्पूर्ण प्रक्रिया और निर्णय पारित करने की प्रक्रिया भी ऑनलाइन है. राज्य सरकार के सभी प्रमुख विभागों जैसे परिवहन, आबकारी, मुद्रांक और पंजीयन तथा ऊर्जा विभाग आदि के सभी प्रकार के करों के संग्रहण की व्यवस्था को भी शत-प्रतिशत ऑनलाइन कर दिया गया है.