भोपाल: मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान की उज्जैन से 14 जुलाई को शुरू होने वाली जन आशीर्वाद यात्रा के लिए रथ तैयार किया गया है. यह रथ 13 जुलाई को भोपाल से उज्जैन के लिए रवाना किया जाएगा.

भाजपा प्रदेश कार्यालय से दी गई जानकारी के अनुसार, उज्जैन में भगवान महाकाल की पूजा-अर्चना के बाद 14 जुलाई को भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह जन आशीर्वाद यात्रा को हरी झंडी दिखाएंगे. यह यात्रा राज्य के सभी 230 विधानसभा क्षेत्रों तक जाएगी. प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में मुख्यमंत्री की एक-एक सभा होगी तथा रथ सभाएं भी होगी.

मुख्यमंत्री की जन आशीर्वाद यात्रा 55 दिनों तक चलेगी. यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री रथ और मंच सभाओं को मिलाकर लगभग 700 सभाओं को संबोधित करेंगे. यात्रा के लिए प्रदेश को दो भागों में बांटा गया है. यात्रा के संयोजक अजयप्रताप सिंह ने बताया कि एक भाग में विंध्य, बुंदेलखंड और महाकौशल को रखा गया है. दूसरे भाग में भोपाल, नर्मदापुरम, ग्वालियर-चंबल और मालवा-निमाड़ क्षेत्र हैं.

मुख्यमंत्री शिवराजसिंह चौहान सप्ताह में चार दिन यात्रा करेंगे, दो दिन एक हिस्से में तथा दो दिन प्रदेश के दूसरे हिस्से में कार्यक्रम होगा. यात्रा का समापन 25 सितंबर को भोपाल में होने वाले कार्यकर्ता महाकुंभ में होगा.

मिशन 2018 जीतने की तैयारी

मिशन 2018 को जीतने के लिए कांग्रेस ने कमलनाथ को एमपी कांग्रेस की कमान सौंपी है. साथ ही सिंधिया को चुनावी प्रचार का ज़िम्मा सौंपा है. दूसरी तरफ शिवराज अपनी जन आशीर्वाद यात्रा के जरिए पचास दिनों में सूबे की पूरी 230 विधानसभा सीटों तक पहुंचेंगे. शिवराज की यात्रा का समापन पच्चीस सितंबर को पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर कार्यकर्ता महाकुंभ के रूप में होगा. कुल मिलाकर कांग्रेस हो या बीजेपी सभी को ये समझ आ गया है कि चुनाव मैनेजमेंट से नहीं बल्कि जनता के बीच पहुंचकर ही जीतना होगा. यही वजह है कि सत्ता हो या विपक्ष सब जनता का विश्वास जीतने में जुट गए हैं.