भूपेश आचार्य, बाड़मेर:  उत्तरप्रदेश के मुगलसराय स्टेशन का नाम पंडित दीन दयाल स्टेशन किये जाने के बाद अब एनडीए की सहयोगी पार्टी भी मुखर हो गई है और अपने-अपने महापुरुषों के नाम से नामकरण की मांग शुरू कर दी है. वहीं इस साल अपनी जमीन पर विधानसभा चुनाव होते देखने वाले राजस्थान के सरहदी जिले बाड़मेर के एक गांव का नाम सरकार ने बदल दिया है. कभी मियां का बाड़ा कहलाने वाला गांव अब बन गया है महेश नगर.

राजस्थान में विधानसभा चुनाव से कुछ वक्त पहले वसुंधरा राजे सरकार बाड़मेर के गांव मियों का बाड़ा के नाम को महेश नगर में बदल रही है. इसके लिए गृह मंत्रालय से मंजूरी भी मिल गई है. जानकारी के मुताबित गृह मंत्रालय को राज्य की बीजेपी सरकार ने इस साल की शुरुआत में प्रस्ताव भेजा था, जिसे गृह मंत्रालय ने अपनी मंजूरी दे दी है. 250 घरों की आबादी के इस गांव में दो हजार की जनसंख्या है जिसमे से मात्र चार परिवार अल्पसंख्यक समुदाय के हैं.

वहीं गांव के सरपंच का कहना है कि मियों का बाड़ा का नाम बदलने की मांग 10 साल पुरानी है.उनका कहना है कि 'इस गांव लोग भगवान शिव के आराध्य होने की वजह से इसका नाम महेश नगर रखा गया है. इसके पहले इसका यही नाम था. लेकिन वक्त के साथ लोगों की बोली में बदलाव और पलायन के चलते इसे मियों का बाड़ा बुलाया जाने लगा.

जानकारी के मुताबित 'राज्य सरकार गांव का नाम बदल सकती है. राजस्थान के पब्लिक वर्क डिपार्टमेंट, पोस्ट विभाग और जीएसआई को इस संबंध में एक सूचना भेजी जानी है.