एक स्वस्थ व्यक्ति एक मिनट में 10 बार अपनी पलकें झपकाता है लेकिन कंप्यूटर पर काम करने, टी.वी. या मोबाइल की स्क्रीन पर लगातार ध्यान लगाने से हमारी पलकें कम झपकती है जिससे आंखों को ड्राई आई सिंड्रोम की समस्या हो जाती है।

क्यों जरूरी है पलकें झपकाना
हमारी आंखों की पुतलियों में खास तरह का लिक्विड होता है, जो ल्यूब्रिकेंट की तरह काम करता है। पलकें झपकाने से यह आंखो में फैल जाता है और हमारी आंखें गीली नजर आती है लेकिन टिकटिकी लगाकर काम करने से आंखों की नमी खत्म हो जाती है जिसके कारण आंखों में सूखापन आ जाता है, जिसे ड्राई आई सिंड्रोम कहा जाता है।

ड्राई आई सिंड्रोम के लक्षण
1. आंखों में जलन होना
2. चुभन महसूस होना
3. आंखों में सूखापन लगना
4. खुजली होना
5. भारीपन रहना
6. आंखों में लालगी पड़ना

बचाव

ड्राई आई सिंड्रोम से संबंधी आंखों में कोई भी समस्या होने पर आंखों के स्पेशलिस्ट को चैक करवाना चाहिए। कंप्यूटर पर काम करने या मोबाइल या टीवी का इस्तेमाल करने वालों को बीच- बीच में आंखों को आराम देना चाहिए।