मुंबई : आलोक नाथ के वकील ने लेखक-निर्देशक विन्ता नंदा के आरोपों को ‘‘झूठा’’ करार देते हुए कहा कि ‘‘यह जान-बुझ कर उनकी (आलोक की) छवि धूमिल करने’’ का प्रयास है।

‘तारा’ धारावाहिक में 1990 के दशक के दौरान आलोक नाथ के साथ काम कर चुकीं नंदा ने सोमवार को फेसबुक पर एक लंबी पोस्ट साझा कर नाथ पर 19 वर्ष पहले  उनका बालात्कार करने का आरोप लगाया था। आरोपों पर प्रतिक्रिया करते हुए नाथ के वकील अशोक सरोगी ने कहा, ‘‘सभी शिकायतें झूठी हैं और इनमें कोई दम नहीं है।’’

उन्होंने पत्रकारों से कहा, ‘‘एक शख्स ने 19 वर्ष का इंतजार किया और फिर मामला उठाया और उसके बाद मामले का समर्थन करने के लिए, अन्य लोग साथ आ गए। यह अपने आप में दिखाता है कि कुछ जान-बूझ कर किया जा रहा है, सिर्फ उनकी छवि खराब करने के लिए और उससे इतर कुछ नहीं है।’’

सरोगी ने कहा कि वे नंदा और ऐसे आरोप लगाने वाले अन्य लोगों के खिलाफ मानहानि का मुकदमा दायर करने पर विचार कर रह हैं।

उन्होंने कहा, ‘‘हम इन सभी आरोपों को बिना किसी कारण उनके खिलाफ अपमानजनक बयान के रूप में लेते हैं। हम मानहानि का मामला दायर करने पर विचार कर रहे हैं।’’ उन्होंने बताया कि अगर आवश्यकता पड़ी तो वे नाथ की प्रतिष्ठा को पहुंचे नुकसान के लिए राशि वसूलने के लिए भी मामला दर्ज करेंगे।

अभिनेता के सामने आकर आरोपों का खारिज ना करने के सवाल पर सरोगी ने कहा, ‘‘हर किसी को व्हाट्सएप और फेसबुक पर संदेश डालने और उसे प्रचारित करने का अधिकार है। लेकिन यह जरूरी नहीं है कि उससे संबंधित शख्स तत्काल उसपर प्रतिक्रिया करे।’’

उन्होंने कहा कि जब भी कानूनी कार्यवाही शुरू होगी, अभिनेता जरूर सामने आएंगे।
आरोपों पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए नाथ ने एबीपी न्यूज से कहा, ‘‘ मैं न तो इन आरोपों को नकार रहा हूं और न ही इन्हें मान रहा हूं। यह (बलात्­कार) हुआ तो होगा, लेकिन किसी और ने किया होगा। मैं इसके बारे में ज्­यादा बातें नहीं करना चाहता, क्­योंकि अगर यह मामला खुलेगा तो यह और भी खिंचेगा।’’