जबलपुर संभाग की समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सिवनी में पुलिस अफसरों और कर्मियों द्वारा की गई डकैती पर अपनी नाराजगी जताई। उन्होंने बैठक में कहा कि सिवनी में जो पुलिस ने किया वह गलत है,ऐसा अब नहीं होना चाहिए। यह बैठक उन्होंने रविवार रात को ली थी। जिसमें जबलपुर संभागायुक्त, आईजी जबलपुर, आईजी बालाघाट सहित आठ जिलों के कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक सहित अन्य अफसर मौजूद थे। मुख्यमंत्री ने बैठक में निर्देश दिए कि संभाग में कानून व्यवस्था सुनिश्चित करने के सभी आवश्यक उपाय और नशे के खिलाफ अभियान चलाकर सख्ती से कार्यवाही करें। पुलिस अधीक्षक अपने जिले में नियंत्रण रखें, सिवनी जैसी शर्मनाक घटनाएं कहीं न हो। इस दौरान बालाघाट आईजी संजय सिंह ने नक्सल उन्मूलन पर अपना पे्रजेंटेशन दिया। जबलपुर आईजी प्रमोद वर्मा ने कानून व्यवस्था और अपराध नियंत्रण के संबंध में प्रेजेंटेशन दिया। संभागायुक्त धनंजय सिंह भदौरिया ने शासन की प्राथमिकता के विषयों के साथ कृषि व कृषि से जुड़े प्रेजेन्टेशन दिए।
गांवों में करें रात्रि विश्राम
बैठक में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने कहा कि स्वास्थ को दृष्टिगत रखते हुए मरीजों को सरकारी हॉस्पिटल में ले जाना सुनिश्चित करें, कुछ ड्रायवर प्राइवेट हॉस्पिटल की ओर रुख करते हैं, ऐसे ड्रायवरों पर निगरानी रखें। उन्होंने कहा कि जन सहयोग के उदाहरण प्रस्तुत करें, अच्छे समाजसेवियों और जनप्रतिनिधियों को विश्वास में लें, गांवों में रात्रि विश्राम करें। हाई-वे पर स्थित ढाबों में अवैध मदिरा विक्रय पर कार्यवाही करें। यह सुनिश्चित करें कि कहीं भी सिविल आचरण के विरूद्ध कुछ न हो। अफसर जनसुनवाई में स्वयं बैठें और आवेदनों का निराकरण करें।