भारतीय रेलवे के आधुनिकीकरण में एक महत्वपूर्ण कदम के तहत प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 17 जनवरी को पश्चिम बंगाल के मालदा टाउन से देश की पहली वंदे भारत स्लीपर ट्रेन को हरी झंडी दिखाएंगे। यह ट्रेन कामाख्या (गुवाहाटी) और हावड़ा (कोलकाता) के बीच चलेगी, जो पूर्वोत्तर भारत को पूर्वी भारत से बेहतर तरीके से जोड़ेगी। केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इसकी पुष्टि की है। इस अवसर पर 6 नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनों की भी शुरुआत होगी, जिनकी सेवाएं 17-18 जनवरी से शुरू हो जाएंगी।
वंदे भारत स्लीपर ट्रेन: मुख्य विशेषताएं और लाभ
यह पूरी तरह वातानुकूलित ट्रेन लंबी दूरी की ओवरनाइट यात्रा के लिए विशेष रूप से तैयार की गई है। ट्रेन की अधिकतम डिजाइन स्पीड 180 किमी/घंटा है, और हाल ही में कोटा-नागदा सेक्शन पर सफल हाई-स्पीड ट्रायल पूरा हुआ, जहां 180 किमी/प्रति घंटा की रफ्तार पर पानी से भरे ग्लास बिना छलके रहे।
ट्रेन में कुल 16 कोच होंगे:
- 11 थर्ड एसी (3AC)
- 4 सेकंड एसी (2AC)
- 1 फर्स्ट एसी (1AC)
यात्री क्षमता लगभग 823 है। यात्रा समय लगभग 14-15 घंटे अनुमानित है, जो मौजूदा कई एक्सप्रेस ट्रेनों से तेज है। ट्रेन सप्ताह में 6 दिन चलेगी और प्रमुख स्टॉप्स में बैंडेल, कटवा, न्यू फरक्का, मालदा टाउन, न्यू जलपाईगुड़ी, न्यू कूच बिहार और न्यू बोंगाईगांव शामिल हैं।
किराया (गुवाहाटी-हावड़ा अनुमानित, फूड शामिल):
- थर्ड एसी: ₹2,300
- सेकंड एसी: ₹3,000
- फर्स्ट एसी: ₹3,600
यह किराया हवाई यात्रा (₹6,000-₹10,000) की तुलना में काफी किफायती है। ट्रेन में उन्नत सुरक्षा जैसे कवच एंटी-कोलिजन सिस्टम, सीसीटीवी, ऑटोमैटिक दरवाजे, बेहतर सस्पेंशन और एर्गोनॉमिक बर्थ उपलब्ध होंगे। यात्रियों को क्षेत्रीय भोजन (असम से असमी और कोलकाता से बंगाली) भी मिलेगा।
इस साल के अंत तक 12 ऐसी स्लीपर ट्रेनें तैयार हो जाएंगी, जो 1,000-1,500 किमी की दूरी तय करेंगी।
6 नई अमृत भारत एक्सप्रेस ट्रेनें
ये किफायती नॉन-एसी ट्रेनें मुख्य रूप से पूर्वोत्तर फ्रंटियर रेलवे से जुड़ी होंगी और लंबी दूरी के यात्रियों के लिए स्लीपर व जनरल कोच प्रदान करेंगी। इनकी सेवाएं 17-18 जनवरी से शुरू होंगी। कुछ प्रमुख रूट इस प्रकार हैं:
- न्यू जलपाईगुड़ी – नागरकोइल (साप्ताहिक)
- न्यू जलपाईगुड़ी – तिरुचिरापल्ली (साप्ताहिक)
- अलीपुरद्वार – एसएमवीटी बेंगलुरु (साप्ताहिक)
- अलीपुरद्वार – पनवेल (साप्ताहिक)
- न्यू जलपाईगुड़ी – कोयंबटूर (साप्ताहिक)
- गुवाहाटी – चेन्नई (साप्ताहिक)
ये ट्रेनें पूर्वोत्तर को दक्षिण और पश्चिम भारत से मजबूत कनेक्टिविटी देंगी।
यह पूरा कार्यक्रम भारतीय रेलवे के 2026 के बड़े सुधारों का हिस्सा है, जिसमें 122 नई ट्रेनें (जिनमें 26 अमृत भारत शामिल) शुरू की गई हैं और सैकड़ों ट्रेनों की स्पीड बढ़ाई गई है। यात्रियों को अब तेज, सुरक्षित और आरामदायक सफर का नया विकल्प मिलेगा।