भारतीय शेयर बाजार ने शुक्रवार को विदेशी बाजारों में दबाव के बावजूद जोरदार रिकवरी दिखाई और नया रिकॉर्ड बनाया। सेंसेक्स 627 अंक से अधिक की छलांग लगाकर 77,800 के महत्वपूर्ण आंकड़े को पार कर गया, जबकि निफ्टी 50 भी 166 अंक की बढ़त के साथ 24,239.30 के स्तर पर बंद हुआ।
बाजार विश्लेषकों के अनुसार, इस तेजी से निवेशकों में नई उम्मीद जगी है। हालांकि वैश्विक मोर्चे पर पश्चिम एशिया में तनाव बरकरार है, जिसके चलते कच्चे तेल की कीमतों में लगातार उछाल आ रहा है। अमेरिका-ईरान के बीच बढ़ते विवाद के कारण ब्रेंट क्रूड जुलाई वायदा 1.1 प्रतिशत चढ़कर 85.34 डॉलर प्रति बैरल पर पहुंच गया।
सेक्टरियल प्रदर्शन मिश्रित रहा
बाजार की यह तेजी मुख्य रूप से चुनिंदा क्षेत्रों तक ही सीमित रही। गुरुवार को हुई हल्की गिरावट के बाद आईटी और ऑटोमोबाइल शेयरों ने बाजार को संभाला, जबकि वित्तीय सेवाएं और मेटल क्षेत्र पर दबाव बना रहा। इससे साफ है कि निवेशक पूरे बाजार में व्यापक खरीदारी के बजाय रणनीतिक रूप से कुछ खास सेक्टरों पर फोकस कर रहे हैं।
तकनीकी नजरिया
तकनीकी रूप से निफ्टी एक सीमित दायरे में कारोबार कर रहा है। 23,800-23,900 का क्षेत्र मजबूत सपोर्ट के रूप में काम कर रहा है, जबकि 24,150 का स्तर तत्काल रेजिस्टेंस है। यदि निफ्टी 24,150 के ऊपर स्थिर रहता है तो यह 24,300 तक जा सकता है। वहीं, सपोर्ट स्तर टूटने पर मुनाफा वसूली तेज हो सकती है।