ट्रंप के टैरिफ और पैनल्टी के बीच-भारत में अमेरिकी तेल का आयात दोगुना हुआ

अप्रैल में ट्रंप के टैरिफ ऐलान के बाद भारत ने अमेरिका से कच्चे तेल की खरीद दोगुनी कर दी है। अप्रैल-जून तिमाही में इसमें सालाना आधार पर 114% की बढ़ोतरी हुई है। इससे पहले 2024 में अप्रैल से जून के बीच भारत ने अमेरिका से करीब 15 हजार करोड़ रुपए का तेल खरीदा था। 2025 में अप्रैल से जून के बीच में यह आंकड़ा दोगुना बढ़कर 32 हजार करोड़ रुपए तक पहुंच गया।

भारत ने अमेरिका से जनवरी से जून 2025 के बीच हर दिन 2.71 लाख बैरल कच्चा तेल खरीदा। 2024 में जनवरी से जून के बीच ये आंकड़ा 1.8 लाख बैरल प्रतिदिन था। केवल जुलाई 2025 में जून के मुकाबले 23% ज्यादा कच्चा तेल अमेरिका से आया। भारत के कुल तेल आयात में भी अमेरिका की हिस्सेदारी 3% से बढ़कर 8% तक पहुंच गई।

इससे पहले रॉयटर्स की रिपोर्ट्स में दावा किया गया था कि भारत ने अमेरिकी दबाव और कीमत बढ़ने की वजह से रूस से तेल खरीदना लगभग बंद कर दिया है। इसके बाद भारतीय विदेश मंत्रालय ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। 30 जुलाई को प्रकाशित रिपोर्ट में कहा था कि भारतीय तेल कंपनियां जैसे इंडियन आॅयल कॉपोर्रेशन, हिंदुस्तान पेट्रोलियम और भारत पेट्रोलियम ने रूस से तेल की खरीदी को रोक दी है।