जम्मू संभाग के किश्तवाड़ जिले में मचैल माता यात्रा मार्ग पर स्थित चिशौती में आज सुबह बादल फटने से भारी तबाही की खबर है। जानकारी के अनुसार, इस प्राकृतिक आपदा में लगभग दस लोगों के मारे जाने की आशंका है। केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने भी घटना का संज्ञान लेते हुए किश्तवाड़ के जिला उपायुक्त को तत्काल बचाव अभियान शुरू करने का निर्देश दिया है।
अचानक आई बाढ़ और मचैल यात्रा पर असर
यह घटना गुरुवार की सुबह करीब 12 बजे हुई। जम्मू संभाग के कई जिलों में सुबह से ही तेज बारिश हो रही थी, लेकिन किश्तवाड़ में अचानक हुई मूसलाधार बारिश के बाद चिशौती में बादल फट गया, जिससे इलाके में बाढ़ जैसे हालात पैदा हो गए। यह वही स्थान है जहाँ से मचैल माता की वार्षिक यात्रा शुरू होती है।
बादल फटने से अचानक आए सैलाब के कारण यात्रा मार्ग पर अफरा-तफरी मच गई। यहां लगे कई लंगरों को भी नुकसान पहुँचा है। बताया जा रहा है कि एक लंगर का टेंट और सामान बाढ़ के पानी में बह गया। हालांकि, फिलहाल किसी भी तरह के जान-माल के नुकसान की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन स्थानीय लोगों का कहना है कि मचैल यात्रा मार्ग और कई पुलों को भी नुकसान पहुँचा है।
बचाव दल रवाना और नेताओं की प्रतिक्रिया
किश्तवाड़ के जिला उपायुक्त पंकज कुमार ने बताया कि जैसे ही उन्हें बादल फटने की सूचना मिली, उन्होंने तुरंत बचाव दल को घटनास्थल के लिए रवाना कर दिया। उन्होंने कहा कि नुकसान का जायजा जल्द ही लिया जाएगा। वहीं, विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुनील शर्मा ने भी उपायुक्त से संपर्क किया और घटना पर चिंता व्यक्त की।
केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने भी जिला उपायुक्त से बात की और बाढ़ से भारी नुकसान होने की आशंका जताई। उन्होंने स्थानीय प्रशासन को हर संभव बचाव और राहत कार्य चलाने का निर्देश दिया है और वे लगातार उनके संपर्क में हैं।
जम्मू-कश्मीर के उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने भी इस घटना पर दुख व्यक्त किया। उन्होंने ‘एक्स’ पर पोस्ट कर कहा, “चिशौती किश्तवाड़ में बादल फटने की घटना से दुखी हूँ। शोक संतप्त परिवारों के प्रति मेरी संवेदनाएँ हैं और मैं घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूँ।” उन्होंने सिविल, पुलिस, सेना, एनडीआरएफ और एसडीआरएफ के अधिकारियों को बचाव और राहत अभियान को तेज करने और प्रभावितों को हर संभव मदद मुहैया कराने के निर्देश दिए हैं।
आपको बता दें कि इन दिनों किश्तवाड़ के पाडर क्षेत्र में स्थित मचैल माता की यात्रा चल रही है, जिसमें हर साल देश भर से लाखों श्रद्धालु शामिल होते हैं।