हाईकोर्ट, सुप्रीम कोर्ट के मामलों में अफसरों से कितनी की वसूली कल पूछेंगे ENC

 प्रशासनिक संवाददाता, भोपाल: सुप्रीम कोर्ट और हाईकोर्ट में चल रहे और निर्णित आदेशों में जलसंसाधन विभाग में अनियमितताओं के लिए दोषी अधिकारियों और कर्मचारियों से कितनी वसूली हुई है इसकी समीक्षा विभाग के ईएनसी दस अक्टूबर को करेंगे। सभी मैदानी मुख्य अभियंताओं को इससे जुड़ी जानकारी लेकर तलब किया गया है। न्यायालयों में तीस सितंबर 2025 की स्थिति में दर्ज रिट और अवमानना प्रकरणों की संख्या कितनी है  इन प्रकरणों की संख्या में बढ़ोत्तरी के क्या कारण  है तथा  इन्हें शीघ्र निपटाने की कार्ययोजना की जानकारी भी ईएनसी ने मांगी है। 

जलसंसाधन विभाग के प्रमुख अभियंता विनोद देवड़ा ने दस अक्टूबर को प्रदेश के एक दर्जन मुख्य अभियंताओं को हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट से जुड़े प्रकरणों की पूरी जानकारी लेकर तलब किया है। चंबल बेतवा कछार भोपाल, गंगा कछार रीवा, बेनगंगा कछार सिवनी, जलसंसाधन विभाग उज्जैन, राजघाट नहर परियोजना दतिया, धसान केन कछार सागर,

 यमुना कछार ग्वालियर, नर्मदा ताप्ती कछार इंदौर, , जलसंसाधन विद्युत यांत्रिकी विभाग भोपाल, जलसंसाधन विभाग नर्मदापुरम, बोधी भोपाल,बांध सुरक्षा जलसंसाधन विभाग भोपाल के मुख्य अभियंताओं को सारी जानकारी लेकर बुलाया गया है। बैठक में सबसे पहले सर्वोच्च न्यायालय से संबंधित प्रकरणों की जानकारियों पर चर्चा की जाएगी। इसके बाद जिन मामलों में कोर्ट ने राजस्व वसूली के निर्देश दिए है उन पर क्या कार्यवाही की गई इस पर मंथन होगा। रिट अपील से संबंधित विषयों के प्रकरणों पर चर्चा की जाएगी। 

न्यायालयों में बहुत से अवमानना के प्रकरण भी है इन सभी की अद्यतन जानकारी के साथ अफसरों को  बुलाया गया है।  रिट अपील से संबंधितविषयों की प्रकरणों की जानकारी भी तलब की गई है।  तीस जून और 31 दिसंबर में काल्पनिक वेतन वृद्धि के प्रकरण की जानकारी भी मांगी गई है। न्यायालय द्वारा पारित निर्णयों के परिप्रेक्ष्य में स्पीकिंग आदेश संबंधित प्रकरणों की भी समीक्षा होगी।  न्यायालयों में तीस सितंबर 2025 की स्थिति में दर्ज रिट और अवमानना प्रकरणों की संख्या और इन प्रकरणें की संख्या में बढ़ोत्तरी के कारण तथा शीघ्र निपटाने की कार्ययोजना की जानकारी भी ईएनसी इनसे मांगेगे। जो बैठक में अनुपस्थित रहेगा उसके खिलाफ अनुशासनात्मक कार्यवाही की जाएगी