बिहार चुनाव: रुझानों में फिर ‘नीतीश सरकार’ की वापसी तय! NDA 188 सीटों पर आगे, महागठबंधन 51 पर सिमटा

बिहार विधानसभा चुनाव 2025 की मतगणना में नेशनल डेमोक्रेटिक अलायंस (NDA) ने प्रचंड बहुमत की ओर कदम बढ़ा दिए हैं। ताजा रुझानों के अनुसार, एनडीए ने बहुमत के आंकड़े (122 सीट) को भारी अंतर से पार करते हुए 188 सीटों पर मजबूत बढ़त बना ली है। इसके विपरीत, राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के नेतृत्व वाला महागठबंधन सिर्फ 51 सीटों पर आगे चल रहा है, जो उसके लिए एक बड़ी निराशा है।

NDA की धमाकेदार बढ़त

एनडीए में शामिल दलों ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के नेतृत्व में एक बार फिर मतदाताओं का विश्वास जीता है।

बीजेपी का दबदबा: एनडीए की इस बढ़त में भारतीय जनता पार्टी (BJP) सबसे आगे है। बीजेपी लगभग 90 से अधिक सीटों पर आगे चल रही है, जो उसे गठबंधन में सबसे बड़ी पार्टी बना सकती है।

जेडीयू का प्रदर्शन: जनता दल यूनाइटेड (JDU) भी 75 से अधिक सीटों पर बढ़त बनाए हुए है।

चिराग फैक्टर: चिराग पासवान की लोक जनशक्ति पार्टी (राम विलास) ने भी 20 से अधिक सीटों पर बढ़त बनाकर अपनी ताकत का प्रदर्शन किया है।

लालू के बेटों की सीट फंसी, तेजस्वी की भी कड़ी टक्कर

महागठबंधन के प्रदर्शन में गिरावट के बीच, लालू प्रसाद यादव के दोनों बेटों की सीटों पर भी स्थिति फंसी हुई है और वे कड़े मुकाबले का सामना कर रहे हैं।

तेजस्वी यादव: मुख्यमंत्री पद के उम्मीदवार तेजस्वी यादव अपनी पारंपरिक सीट राघोपुर में भी मुश्किलों में घिरे हैं और उनका मुकाबला काफी करीबी हो गया है। शुरुआती बढ़त के बाद, वे कभी आगे तो कभी पीछे हो रहे हैं।

तेज प्रताप यादव: लालू यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव की स्थिति भी चिंताजनक है। वे महुआ सीट पर तीसरे या चौथे स्थान पर चल रहे हैं, जहाँ मुख्य मुकाबला चिराग पासवान की एलजेपी (राम विलास) के उम्मीदवार से है।

महागठबंधन में आरजेडी का प्रदर्शन निराशाजनक है, जबकि कांग्रेस और वाम दलों का प्रदर्शन भी उम्मीद के मुताबिक नहीं रहा है।

नीतीश कुमार की वापसी का संकेत

ये रुझान स्पष्ट रूप से दर्शाते हैं कि बिहार की जनता ने एक बार फिर नीतीश कुमार के नेतृत्व में एनडीए सरकार पर भरोसा जताया है। यदि ये रुझान अंतिम परिणामों में बदलते हैं, तो नीतीश कुमार रिकॉर्ड बार बिहार के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे।