आयुष डॉक्टरों की जॉइनिंग की समय-सीमा फिर बढ़ी; डॉ. नुसरत परवीन के रुख पर सस्पेंस बरकरार

 बिहार स्वास्थ्य विभाग ने चयनित आयुष चिकित्सकों की नियुक्ति को लेकर एक बार फिर लचीला रुख अपनाते हुए जॉइनिंग की अंतिम तिथि बढ़ा दी है। अब चयनित डॉक्टर 7 जनवरी 2026 तक अपना योगदान दे सकेंगे। विभाग द्वारा लगातार दूसरी बार समय-सीमा बढ़ाए जाने से प्रशासनिक हलकों में चर्चाओं का बाजार गर्म है, विशेषकर डॉ. नुसरत परवीन के मामले को लेकर, जिन्होंने अभी तक अपनी चुप्पी नहीं तोड़ी है।

 तीसरी बार बदली गई अंतिम तारीख

स्वास्थ्य विभाग ने नियुक्ति प्रक्रिया को पूरा करने के लिए अब तक तीन बार तारीखों में बदलाव किया है: चयनित डॉक्टरों को सबसे पहले 20 दिसंबर तक योगदान करने का निर्देश दिया गया था। इसके बाद समय-सीमा बढ़ाकर 31 दिसंबर की गई। अब मानवीय और प्रशासनिक आधार पर अंतिम मौका देते हुए इसे 7 जनवरी तक बढ़ा दिया गया है।

विभाग का कहना है कि कई चिकित्सकों ने व्यक्तिगत कारणों से समय पर जॉइन नहीं किया था, जिसे देखते हुए यह निर्णय लिया गया है।

डॉ. नुसरत परवीन का मामला बना पहेली

इस पूरी नियुक्ति प्रक्रिया में डॉ. नुसरत परवीन का नाम सबसे अधिक चर्चा में है। विभागीय सूत्रों के अनुसार, डॉ. नुसरत ने अब तक न तो जॉइन किया है और न ही विभाग को किसी तरह की कोई सूचना दी है। इसके बावजूद नीतीश सरकार द्वारा बार-बार मौका दिए जाने को इस संकेत के रूप में देखा जा रहा है कि सरकार चाहती है कि सभी चयनित उम्मीदवार स्वास्थ्य सेवाओं का हिस्सा बनें।

ग्रामीण स्वास्थ्य सेवाओं पर प्रभाव

राज्य में आयुष चिकित्सकों की भारी कमी को देखते हुए सरकार इस भर्ती को जल्द से जल्द धरातल पर उतारना चाहती है। ग्रामीण और दूर-दराज के क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए इन डॉक्टरों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण मानी जा रही है। जॉइनिंग में हो रही देरी सीधे तौर पर आम जनता को मिलने वाली चिकित्सा सुविधाओं को प्रभावित कर रही है।

अंतिम चेतावनी: रद्द हो सकती है नियुक्ति

स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने स्पष्ट कर दिया है कि 7 जनवरी का अवसर ‘अंतिम मौका’ है। यदि इस तारीख तक भी चयनित अभ्यर्थी योगदान नहीं देते हैं, तो विभाग नियमानुसार उनकी नियुक्ति रद्द करने की कार्रवाई शुरू कर देगा। अब सबकी निगाहें इस बात पर टिकी हैं कि क्या डॉ. नुसरत परवीन और अन्य शेष डॉक्टर इस अंतिम अवसर का लाभ उठाते हैं या फिर ये पद रिक्त घोषित कर दिए जाएंगे।