सरगुजा, राजनांदगांव और जगदलपुर कोर्ट को बम से उड़ाने की धमकी: नक्सलियों पर शक

छत्तीसगढ़ की न्यायिक व्यवस्था को निशाना बनाते हुए बुधवार सुबह सरगुजा, राजनांदगांव और जगदलपुर जिला अदालतों को बम से उड़ाने का धमकी भरा ईमेल भेजा गया। यह ईमेल ‘आउटलुक’ के जरिए जिला न्यायाधीशों को प्राप्त हुआ, जिसके बाद तुरंत पुलिस प्रशासन को सूचित किया गया। सरगुजा एसएसपी राजेश अग्रवाल और बस्तर एसपी शलभ कुमार सिन्हा ने भारी बल के साथ मोर्चा संभाला।

परिसर छावनी में तब्दील, नक्सली कनेक्शन की आशंका

धमकी के बाद अदालतों को पुलिस छावनी बना दिया गया। राजनांदगांव कोर्ट में हड़कंप इसलिए भी अधिक है क्योंकि वहां एनआईए (NIA) कोर्ट संचालित होती है, जहां कई संवेदनशील नक्सली मामले लंबित हैं। पुलिस को आशंका है कि न्यायिक प्रक्रिया में बाधा डालने या दबाव बनाने के लिए नक्सल समर्थकों ने यह हरकत की होगी। डॉग स्क्वॉयड, बम निरोधक दस्ता और मेटल डिटेक्टर के जरिए चप्पे-चप्पे की तलाशी ली गई, हालांकि अब तक कोई संदिग्ध वस्तु नहीं मिली है।

तमिलनाडु से जुड़ा पिछला मामला

गौरतलब है कि ठीक 20 दिन पहले भी दुर्ग, राजनांदगांव और धमतरी की अदालतों को इसी तरह की धमकी मिली थी। उस समय की जांच में पता चला था कि ईमेल तमिलनाडु से भेजा गया था। पुलिस अब इस नए ईमेल के आईपी एड्रेस और स्रोत की जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि क्या दोनों घटनाओं के पीछे एक ही गिरोह का हाथ है। फिलहाल सुरक्षा के मद्देनजर गेट पर हर व्यक्ति और वाहन की कड़ी तलाशी ली जा रही है।