भारतीय शेयर बाजार ने शुक्रवार को मिली-जुली शुरुआत की, जहां एशियाई बाजारों के कमजोर रुझान और वैश्विक स्तर पर बढ़ती अनिश्चितता के कारण शुरुआती कारोबार में गिरावट दर्ज की गई। विशेष रूप से आईटी सेक्टर के शेयरों में देखी गई कमजोरी ने बाजार पर अतिरिक्त दबाव बनाया। हालांकि, कुछ ही समय बाद खरीदारी में सुधार के साथ प्रमुख सूचकांकों में हल्की रिकवरी नजर आई।
बीएसई सेंसेक्स 82,272 के स्तर पर लाल निशान में खुला। शुरुआती उतार-चढ़ाव के बाद यह करीब 61 अंक की बढ़त के साथ 82,437 के आसपास कारोबार कर रहा था। इसी तरह एनएसई निफ्टी 50 25,406 पर कमजोर शुरुआत के साथ खुला, लेकिन बाद में सीमित खरीदारी से यह 11 अंक की मामूली तेजी के साथ 25,465 के स्तर पर पहुंच गया।
बाजार की धारणा पर वैश्विक घटनाक्रमों का स्पष्ट प्रभाव दिखा। अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव ने निवेशकों में सतर्कता पैदा कर दी है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में बयान दिया कि ईरान के पास अपने परमाणु कार्यक्रम को लेकर समझौता करने के लिए 10 से 15 दिन का समय है। इस बयान से अंतरराष्ट्रीय बाजारों में अस्थिरता बढ़ गई है।
गौरतलब है कि गुरुवार को घरेलू बाजार में भारी गिरावट देखी गई थी, जिसका असर शुक्रवार की ओपनिंग पर भी पड़ा। विश्लेषकों का मानना है कि फिलहाल बाजार में उतार-चढ़ाव जारी रह सकता है। ऐसे में निवेशकों को वैश्विक संकेतों, खासकर भू-राजनीतिक घटनाक्रमों पर कड़ी नजर रखनी चाहिए।