राज्यसभा में बुधवार को 37 सांसदों की सेवानिवृत्ति पर विदाई समारोह आयोजित किया गया। इस दौरान विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे ने भावुक संबोधन देते हुए कहा कि राजनीति और सार्वजनिक जीवन में नेता कभी थकते नहीं हैं और न ही रिटायर होते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा कि देश सेवा का जुनून उन्हें हमेशा आगे बढ़ने की प्रेरणा देता रहता है।
खड़गे ने पूर्व प्रधानमंत्री एचडी देवगौड़ा का विशेष उल्लेख करते हुए हल्के-फुल्के अंदाज में कहा, “मैं देवगौड़ा जी को 54 साल से ज्यादा समय से जानता हूं। उनके साथ मैंने बहुत काम किया है। बाद में पता नहीं क्या हुआ, लेकिन उन्होंने मोहब्बत तो हमारे साथ की, शादी मोदी साहब के साथ कर ली।” उनके इस व्यंग्यात्मक टिप्पणी पर सदन में हंसी की लहर दौड़ गई। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी इस पर मुस्कुराने लगे, जबकि खड़गे के पीछे बैठे जयराम रमेश सहित अन्य सदस्य भी मुस्कुराते नजर आए।
खड़गे ने शरद पवार जैसे अन्य वरिष्ठ नेताओं का भी जिक्र किया और कहा कि वे राष्ट्रीय स्तर के नेता हैं, जिनके साथ उनके अच्छे संबंध रहे हैं। उन्होंने सदन से अपील की कि संसद का कार्यकाल ज्यादा से ज्यादा समय तक चले, सभी सदस्यों की बातों को ध्यान से सुना जाए और मिलकर काम किया जाए। उन्होंने कहा “जनता के मुद्दों पर खुलकर चर्चा होनी चाहिए। यह हमारी सबसे बड़ी ताकत है,”।
खड़गे ने रिटायर हो रहे सांसदों को संबोधित करते हुए कहा कि कुछ साथी राजनीतिक जीवन में वापस लौट सकते हैं, जबकि कुछ नहीं। लेकिन सार्वजनिक जीवन में सक्रिय रहने वाले लोग कभी थकते या रिटायर नहीं होते।