परीक्षा घोटालों के खिलाफ जंतर-मंतर पर चल रहे आंदोलन में शामिल लद्दाख के प्रसिद्ध कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को शनिवार सुबह पुलिस ने अस्पताल ले जाया गया। अनशन के 21वें दिन उनकी तबीयत बिगड़ने के बाद दिल्ली हाई कोर्ट के आदेश और डॉक्टरों की सलाह पर यह कार्रवाई की गई। उन्हें सफदरजंग अस्पताल भर्ती कराया गया, जहां फिलहाल उनकी हालत स्थिर बताई जा रही है।
CJP (कॉकरोच जनता पार्टी) के संस्थापक अभिजीत दीपके ने इस घटना की कड़ी निंदा की। उन्होंने दावा किया कि सुबह करीब सात बजे पुलिसकर्मी वहां पहुंचे और सोनम वांगचुक को गालियां देते हुए घसीटकर ले गए। दीपके ने कहा कि 20 दिनों से बिना खाए रहने वाले 60 वर्षीय कार्यकर्ता के साथ यह बर्ताव बेहद निंदनीय है।
इस घटना के बाद अभिजीत दीपके ने खुद अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर दी है। उन्होंने समर्थकों से आंदोलन को और मजबूती से जारी रखने की अपील की।