Government Blocked 25 websites due to Pornographic content: डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर तेजी से बढ़ रहे सॉफ्ट पॉर्न कंटेंट को देखते हुए केंद्र सरकार ने अब सख्त रवैया अपना लिया है। सरकार ने ऐसे कंटेंट को बढ़ावा देने वाले कई मोबाइल ऐप्स और वेबसाइट्स पर प्रतिबंध लगाने का फैसला लिया है। इस कार्रवाई के तहत उल्लू ऐप, ALTT, देसीफ्लिक्स और बिग शॉट्स जैसे पॉपुलर लेकिन विवादास्पद ऐप्स को बैन कर दिया गया है।
इंटरनेट सेवा प्रदाताओं को जारी हुआ निर्देश
सरकार ने इस पूरे मामले को लेकर एक आधिकारिक अधिसूचना (नोटिफिकेशन) भी जारी किया है। इस नोटिफिकेशन में देशभर के सभी इंटरनेट सर्विस प्रोवाइडर्स (ISPs) को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि वे तुरंत प्रभाव से उन वेबसाइट्स की एक्सेस को ब्लॉक करें, जो इस तरह का आपत्तिजनक कंटेंट दिखा रही हैं। कुल 25 वेबसाइट्स की पहचान की गई है, जिन्हें अब भारत में नहीं देखा जा सकेगा।
साइबर सुरक्षा और सांस्कृतिक मूल्यों की रक्षा पर जोर
सरकार का मानना है कि इस तरह का कंटेंट भारतीय सांस्कृतिक मूल्यों और समाज के नैतिक ढांचे के खिलाफ है। इन ऐप्स और वेबसाइट्स के जरिए बड़ी संख्या में युवा वर्ग और किशोर अश्लील कंटेंट की ओर आकर्षित हो रहे थे, जो चिंता का विषय बना हुआ था। इस कदम को देश में साइबर स्वच्छता और डिजिटल नैतिकता को बनाए रखने की दिशा में एक ठोस प्रयास माना जा रहा है।
डिजिटल प्लेटफॉर्म्स की निगरानी होगी और सख्त
सूचना और प्रसारण मंत्रालय की ओर से यह भी स्पष्ट किया गया है कि आने वाले समय में इस तरह की सामग्री पर निगरानी और कड़ी की जाएगी। यदि कोई भी डिजिटल प्लेटफॉर्म या ओटीटी सेवा इस तरह के नियमों का उल्लंघन करता हुआ पाया गया, तो उस पर भी कठोर कार्रवाई की जाएगी।
सरकार की दो टूक – फ्रीडम ऑफ एक्सप्रेशन का मतलब अश्लीलता नहीं
सरकारी अधिकारियों ने यह भी दोहराया है कि डिजिटल अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का मतलब यह नहीं कि कोई भी प्लेटफॉर्म खुलेआम सॉफ्ट पोर्न या अश्लील कंटेंट परोसता रहे। अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता के साथ ज़िम्मेदारी भी जुड़ी होती है, और इन प्लेटफॉर्म्स को तय दायरे में रहकर ही काम करना होगा।