नई वंदे भारत एक्सप्रेस की शुरुआत फिलहाल अटकी
रानीकमलापति स्टेशन पर पिट लाइन का काम की रफ्तार धीमी चल रही है। जिससे इसकी लागत भी बढ़ गई है। शुरूआत में इस परियोजना की अनुमानित लागत 7 करोड़ रुपये थी। परंतु लगातार देरी और कार्य की धीमी रफ्तार के चलते अब यह लागत बढ़कर लगभग 14 करोड़ रुपये तक पहुंच चुकी है। यानी दो साल में लागत दोगुनी हो गई है। रेलवे इंजीनियरिंग विभाग के अनुसार, देरी का प्रमुख कारण ठेकेदार द्वारा निर्धारित समयसीमा में पर्याप्त संसाधन उपलब्ध न कराना है। रानी कमलापति रेलवे स्टेशन पर नई वंदे भारत एक्सप्रेस की शुरूआत फिलहाल अटकी हुई है। इसका मुख्य कारण स्टेशन पर बन रही नई पिट लाइन का अधूरा निर्माण है। यह वही पिट लाइन है जिसका काम मई 2023 में शुरू हुआ था और जिसे महज छह महीने में पूरा किया जाना था। लेकिन दो साल बीतने के बावजूद अब तक इसका केवल 90 प्रतिशत कार्य ही पूरा हो सका है। निर्माण कार्य में ठेकेदार की लापरवाही से रेलवे अधिकारियों की चिंता बढ़ गई है।
रेलवे सूत्रों के अनुसार, रानी कमलापति रेलवे स्टेशन पर पहले से सामान्य पिट लाइन मौजूद थी। अब इसे आधुनिक कैमटेक डिजाइन में अपग्रेड किया जा रहा है। इस अपग्रेडेशन का उद्देश्य ट्रेन की धुलाई और तकनीकी जांच प्रक्रिया को पूरी तरह बेहतर बनाना है।