सरकारी टीचर पर ₹45 लाख की ठगी का आरोप: मकान बेचने के नाम पर लिए पैसे, न रजिस्ट्री कराई, न लौटाए

अजमेर के अलवर गेट थाना क्षेत्र में एक महिला सरकारी टीचर के खिलाफ मकान बेचने के नाम पर ₹45 लाख की धोखाधड़ी करने का गंभीर मामला सामने आया है। पीड़ित ने आरोप लगाया है कि महिला टीचर ने ₹1.10 करोड़ में 250 गज का मकान बेचने का सौदा तय किया, जिसके लिए किश्तों में ₹45 लाख लिए गए, लेकिन अब वह न तो मकान की रजिस्ट्री करा रही है और न ही पैसे वापस कर रही है।

अलवर गेट थाना पुलिस के अनुसार, धोलाभाटा निवासी कुलदीप सिंह सोलंकी ने यह मामला दर्ज कराया है। पीड़ित ने अपनी शिकायत में बताया कि उनकी जान पहचान आदर्श नगर निवासी गवर्नमेंट टीचर मंजूलता श्रीवास्तव से थी। मंजूलता ने कुलदीप सिंह और उनकी पत्नी से अपने 250 गज के मकान को बेचने की बात कही, जिसकी बाज़ार कीमत ₹1.5 करोड़ से अधिक बताई गई थी।

पीड़ित के अनुसार, मकान का सौदा अंततः ₹1 करोड़ 10 लाख में तय हुआ, जिसका भुगतान किश्तों में किया जाना था। कुलदीप सिंह सोलंकी ने अपने चार दोस्तों को इसमें शामिल किया और सभी ने मिलकर अलग-अलग ट्रांजैक्शन के माध्यम से महिला टीचर को करीब 45 लाख रुपये का भुगतान कर दिया।

शिकायतकर्ता का आरोप है कि पैसे लेने के बाद महिला टीचर ने उनसे लाखों रुपए हड़प लिए हैं। वह अब न तो मकान की रजिस्ट्री करवा रही है और न ही भुगतान किए गए पैसे वापस कर रही है। जब पीड़ित उनसे संपर्क करते हैं, तो टीचर उन्हें उल्टे मुकदमे में फँसाने की धमकी देती हैं।

अलवर गेट थाना पुलिस ने पीड़ित कुलदीप सिंह सोलंकी की शिकायत के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया है और मामले की गहन जाँच शुरू कर दी है।