भारतीय क्रिकेट के दो सबसे बड़े सुपरस्टार, विराट कोहली और रोहित शर्मा ने विजय हजारे ट्रॉफी में अपनी-अपनी घरेलू टीमों के लिए खेलते हुए शतकीय पारियां खेलकर अपनी फॉर्म और क्लास का लोहा मनवाया है। बीसीसीआई (BCCI) के घरेलू क्रिकेट खेलने के निर्देश के बाद मैदान में उतरे इन दोनों दिग्गजों ने बुधवार को अपनी बल्लेबाजी से प्रशंसकों का दिल जीत लिया।
बेंगलुरु में ‘किंग’ कोहली का जलवा
दिल्ली की ओर से खेल रहे विराट कोहली ने आंध्र प्रदेश के खिलाफ मात्र 101 गेंदों में 131 रनों की तूफानी पारी खेली। उनकी इस पारी में 14 चौके और 3 छक्के शामिल रहे। कोहली ने 14 साल बाद इस टूर्नामेंट में वापसी की है (पिछला मैच 2010 में खेला था)। उनकी पारी की बदौलत दिल्ली ने 299 रनों के लक्ष्य को मात्र 37.4 ओवर में हासिल कर 4 विकेट से जीत दर्ज की।
जयपुर में ‘हिटमैन’ रोहित का तूफान
उधर जयपुर के सवाई मानसिंह स्टेडियम में मुंबई के लिए खेलते हुए रोहित शर्मा ने सिक्किम के गेंदबाजों की धज्जियां उड़ा दीं। रोहित ने महज 94 गेंदों में 155 रनों की विस्फोटक पारी खेली, जिसमें 9 गगनचुंबी छक्के शामिल थे। रोहित 7 साल बाद विजय हजारे ट्रॉफी खेल रहे हैं। उनकी इस पारी के दम पर मुंबई ने 8 विकेट से आसान जीत हासिल की।
मैच का संक्षिप्त विवरण:
- दिल्ली बनाम आंध्र प्रदेश: आंध्र ने रिकी भुई के 122 रनों की मदद से 298 रन बनाए। दिल्ली ने विराट (131) और नीतीश राणा (77) के योगदान से 300 रन बनाकर मैच जीता।
- मुंबई बनाम सिक्किम: सिक्किम के 236 रनों के जवाब में मुंबई ने रोहित के 155 रनों की बदौलत लक्ष्य को बौना साबित कर दिया। रोहित ने अंगकृष रघुवंशी के साथ 141 रनों की ओपनिंग पार्टनरशिप की।
BCCI के कड़े निर्देश का असर
गौरतलब है कि रोहित और विराट अब टेस्ट और टी-20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट से संन्यास ले चुके हैं और केवल वनडे फॉर्मेट में सक्रिय हैं। बीसीसीआई ने स्पष्ट किया था कि वनडे टीम में जगह बरकरार रखने के लिए उन्हें घरेलू टूर्नामेंटों में हिस्सा लेना अनिवार्य होगा। इसी के तहत दोनों खिलाड़ियों ने इस साल रणजी ट्रॉफी के बाद अब विजय हजारे ट्रॉफी में अपनी भागीदारी सुनिश्चित की है।
विराट और रोहित की इस फॉर्म ने आगामी चैंपियंस ट्रॉफी के लिए भारतीय प्रशंसकों की उम्मीदें काफी बढ़ा दी हैं।