पीथमपुर के 51 युवा निकले 85 किमी पैदल यात्रा पर: गौ माता को राष्ट्रमाता बनाने की मांग

गौ माता को संवैधानिक ‘राष्ट्रमाता’ का दर्जा दिलाने की पुरजोर मांग को लेकर पीथमपुर से 51 युवाओं का एक दल शुक्रवार को उज्जैन के लिए पैदल रवाना हुआ। यह दल दो दिन में करीब 85 किलोमीटर की दूरी तय करेगा।

गौ रक्षा दल पीथमपुर और राजपूत करणी सेना के संयुक्त प्रयास से शुरू हुई इस पदयात्रा का मकसद गौ संरक्षण, गौ सेवा को बढ़ावा देना और समाज में गौ माता के प्रति सम्मान तथा जागरूकता फैलाना है। यात्रा विशाल चौराहा पीथमपुर से शुरू होकर हाटोद व सांवेर के रास्ते महाकाल नगरी उज्जैन पहुंचेगी।

यात्रा में शामिल युवा महाकालेश्वर मंदिर में दर्शन करने के बाद अपनी मांग को लेकर प्रशासन को ज्ञापन सौंपेंगे। आयोजकों ने कहा कि गौ सेवा राष्ट्र सेवा के समान है। उन्होंने केंद्र सरकार से अपील की कि गौ हत्या पर सख्त कानून बनाए जाएं और गौ पालन को प्रोत्साहन दिया जाए।

एक आयोजक ने बताया कि पिछले कई वर्षों से गौ माता को राष्ट्रमाता घोषित करने की मांग उठ रही है, लेकिन अभी तक इसमें ठोस कार्रवाई नहीं हुई। इस यात्रा के जरिए आम जनता तक यह संदेश पहुंचाने का प्रयास किया जा रहा है।