बांग्लादेश: हिंदू व्यक्ति खोकोन दास पर भीड़ का हमला, जिंदा जलाया, हालत गंभीर

बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय पर हमलों की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। ताजा मामला शरियतपुर जिले का है, जहां 31 दिसंबर को 50 वर्षीय खोकोन दास नामक व्यक्ति पर एक उग्र समूह ने जानलेवा हमला किया।

खोकोन दास शाम को घर लौट रहे थे, तभी हमलावरों ने उन्हें रोक लिया। पहले उन पर तेज धार वाले औजारों से वार किए गए, फिर क्रूरता से मारपीट की गई और अंत में उन्हें आग लगा दी गई। इस बर्बर हमले से वे बुरी तरह झुलस गए और उनकी स्थिति गंभीर बनी हुई है। उन्हें तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है। घटना के बाद क्षेत्र में भय और तनाव का माहौल है। पुलिस ने जांच शुरू कर दी है और दोषियों की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं।

यह घटना पिछले 15 दिनों में हिंदू व्यक्ति पर आग लगाने की दूसरी वारदात है। इससे पहले 18 दिसंबर को मैमनसिंह जिले के भालुका क्षेत्र में एक गारमेंट फैक्ट्री में काम करने वाले युवक दीपू चंद्र दास पर भीड़ ने हमला किया था। ईशनिंदा के आरोप में उन्हें पीट-पीटकर मौत के घाट उतार दिया गया और शव को पेड़ से लटकाकर जला दिया गया। जांच में पता चला कि सोशल मीडिया पर लगाए गए आरोपों का कोई ठोस प्रमाण नहीं मिला।

इसके अलावा, दिसंबर महीने में हिंदू समुदाय के सदस्यों पर अन्य गंभीर हमले हुए हैं। 24 दिसंबर को राजबाड़ी जिले के होसेनडांगा गांव में 29 वर्षीय अमृत मंडल उर्फ सम्राट को स्थानीय लोगों ने जबरन वसूली के शक में घेरकर पीट-पीटकर मार डाला। पुलिस के अनुसार, उनके खिलाफ पहले से कुछ आपराधिक मामले दर्ज थे, लेकिन घटना ने स्थानीय स्तर पर विवाद पैदा किया।

फिर 29 दिसंबर को मैमनसिंह के भालुका उपजिला में एक स्वेटर फैक्ट्री में सिक्योरिटी गार्ड के रूप में कार्यरत 42 वर्षीय बजेंद्र बिस्वास की उनके सहकर्मी द्वारा गोली मारकर हत्या कर दी गई। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है और जांच जारी है।