शासकीय गृह विज्ञान महाविद्यालय में तीन दिवसीय युवा उत्सव का शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर जनभागीदारी अध्यक्ष संध्या थापक, महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ कामिनी जैन, वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ भारती दुबे, युवा उत्सव प्रभारी डॉ वैशाली लाल ने मंच उपस्थिति थीं।
मां सरस्वती की पूजन एवं दीप प्रज्ज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया। इस अवसर पर संगीत विभाग की छात्रा अंजली श्रोती, कुमकुम कहार, हर्षिता चौरे एवं स्नेहा सोनी ने सरस्वती वंदना की प्रस्तुति दी।इस अवसर पर छात्राओं ने स्वागतम स्वागतम गीत की प्रस्तुति दी। संगीत विभाग के विभाग अध्यक्ष प्रेमकांत कटंगकार ने हारमोनियम पर संगत देकर सक्रिय सहयोग प्रदान किया। प्राचार्य डॉ कामिनी जैन ने स्वागत भाषण में कहा कि युवा उत्सव युवाओं में एकता, अपनत्व और राष्ट्रीय गौरव को बढ़ाता है। युवा उत्सव के माध्यम से विद्याथी अपनी कला, संस्कृति और प्रतिभा का प्रदर्शन कर रचनात्मकता एवं टीमवर्क सीखता है। यह उत्सव विभिन्न संस्कृति और परिवेश के विद्यार्थी को एक मंच पर लाता है और उनके अंदर अनेकता में एकता के भाव को विकसित करता है। तीन दिवसीय युवा उत्सव में आयोजित 22 विधाओं में आप बढ़-चढ़कर सहभागिता करें यह अवसर है जिसमें आप अपनी प्रतिभा को उजागर कर सकते हैं। डॉ जैन ने प्रथम वर्ष की छात्राओं को सीखने एवं प्रतियोगिताओं में भाग लेने हेतु प्रेरित कया और कहा कि युवा उत्सव की प्रतियोगिताएं नियमबद्ध प्रणाली से आपकी क्षमताओं को उभारती है। युवा उत्सव प्रभारी डॉ. वैशाली लाल ने अपने उद्बोधन में कहा कि युवा उत्सव 2025 की थीम भारतीय ज्ञान परंपरा पर आधारित है। युवा उत्सव महाविद्यालय जिला एवं विश्वविद्यालय स्तर पर अपनी गुणवत्ता एवं क्षमताओं को प्रदर्शन करने का भरपूर अवसर प्रदान करता है। युवा उत्सव सांस्कृतिक, साहित्यिक, संगीत एवं रूपांकर पक्ष में बांटा गया है। आप अपनी रुचि अनुसार सहभागिता कर महाविद्यालय का प्रतिनिधित्व कर सकते हैं। मुख्य अतिथि जन भागीदारी अध्यक्ष संध्या थापक ने युवा उत्सव की विभिन्न प्रतियोगिता में सहभागिता करने हेतु छात्राओं को प्रेरित किया और कहा की सहभागिता से आपके सहयोग और सीखने की प्रक्रिया प्रारंभ होती है। वरिष्ठ प्राध्यापक डॉ भारती दुबे ने कहा कि युवा उत्सव की गतिविधियों में भाग लेकर अपने व्यक्तित्व का विकास कर सकते हैं।