E20 पर शोर मचाने वालों पर गडकरी का वार कहा- बेवजह हंगामा किया गया  

केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने मंगलवार को कहा कि पेट्रोल में 20 फीसदी एथेनॉल मिलाने यानी E20 के खिलाफ कुछ महीने पहले जो विरोध हुआ, वह जानबूझकर पैसे खर्च करके चलाया गया अभियान था। उन्होंने इसे बेवजह का शोर बताया।

उद्योग संगठन सीआईआई के कार्यक्रम में बोलते हुए गडकरी ने बताया कि तीन महीने पहले E20 को लेकर काफी हंगामा मचाया गया था, लेकिन अब वह विरोध थम चुका है। उन्होंने कहा कि 2022 से देश में करीब 4 करोड़ कारें और 20 करोड़ दोपहिया वाहन E20 पर चल रहे हैं। अब तक किसी की गाड़ी खराब होने का कोई ठोस सबूत नहीं मिला। इसलिए यह पूरा विरोध पैसा खर्च करके फैलाया गया प्रचार था।

गडकरी ने जोर दिया कि एथेनॉल जैसे वैकल्पिक ईंधनों का इस्तेमाल बढ़ाने से देश का कच्चा तेल आयात घटेगा और विदेशी मुद्रा की बचत होगी।

यह बयान ऐसे समय आया जब केंद्र सरकार ने एक दिन पहले ही मोटर वाहन नियमों में बदलाव कर E100 यानी लगभग शुद्ध एथेनॉल को वाहनों के लिए मंजूरी दे दी। अब केवल वे फ्लेक्स-फ्यूल वाहन, जिन्हें कंपनियां खास तौर पर इसके लिए बनाती हैं, E85 या E100 पर चल सकेंगे। आम पेट्रोल या E20 वाहनों को इसमें कोई बदलाव नहीं करना पड़ेगा।

गडकरी ने राजमार्गों की हालत पर भी बात की। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर आई शिकायतों को देखते हुए सैकड़ों परियोजनाओं की जांच की गई है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि अगले दो साल में सड़क यात्रियों को कोई परेशानी नहीं होगी।