संसद के चल रहे मानसून सत्र में लगातार गतिरोध के बीच बुधवार को एक महत्वपूर्ण मुलाकात हुई। संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी से मिले। इस बैठक में प्रियंका गांधी वाड्रा भी शामिल रहीं। मुलाकात करीब पचास मिनट चली।
सूत्रों के मुताबिक, सरकार की तरफ से यह बैठक विश्वास बहाली के मकसद से रखी गई थी। इसमें परिसीमन से जुड़े प्रस्तावित विधेयक, महिला आरक्षण संबंधी संशोधन और एफसीआरए बिल जैसे मुद्दों पर बातचीत हुई। रिजिजू ने इन बिलों पर कांग्रेस का समर्थन मांगा।
राहुल गांधी ने अपनी शर्तें साफ रखीं। उन्होंने कहा कि अयोध्या राम मंदिर में कथित चढ़ावा चोरी और छात्रों के प्रदर्शन के दौरान हुई पुलिस कार्रवाई पर गृह मंत्री अमित शाह का बयान जरूरी है। साथ ही इन मुद्दों पर चर्चा के दौरान प्रधानमंत्री की मौजूदगी भी होनी चाहिए। इसके बिना सदन का कामकाज आगे नहीं बढ़ सकता। बैठक के बाद रिजिजू लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला और गृह मंत्री से भी मिले।
सरकारी सूत्र बता रहे हैं कि मानसून सत्र 13 अगस्त को समाप्त होने के तुरंत बाद परिसीमन बिल और महिला आरक्षण बिल पर चर्चा के लिए विशेष सत्र बुलाया जा सकता है। अप्रैल में आयोजित विशेष सत्र में इन विधेयकों को आवश्यक विशेष बहुमत नहीं मिला था। सरकार अब संख्या बल जुटाकर इन्हें फिर से पेश करने की तैयारी में जुटी हुई है।
संसद परिसर में विपक्षी दल चढ़ावा चोरी और छात्रों पर हुई कार्रवाई को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। “चढ़ावा चोर, गद्दी छोड़” जैसे नारे लगाए जा रहे हैं। पिछले दिनों भी प्रतीकात्मक प्रदर्शन हो चुके हैं, जिसमें सांसदों ने दानपात्र लेकर विरोध जताया था।