केजीएमयू में चिकित्सा लापरवाही का क्रूरतम चेहरा: गुस्साए नर्स की गलती से मरीज़ का हाथ ख़तरे में

उत्तर प्रदेश: लखनऊ के किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (KGMU) के हड्डी रोग विभाग में मानवीय चूक और लापरवाही का एक स्तब्ध कर देने वाला मामला सामने आया है। यहाँ एक नर्स के कथित अहंकार और गुस्से ने एक 60 वर्षीय बुजुर्ग मरीज़ के जीवन को ख़तरे में डाल दिया, जिससे उसका हाथ काटने तक की नौबत आ गई है।

तीमारदार का आग्रह, नर्स का दुर्भावनापूर्ण कार्य

यह घटना पिछले सप्ताह की है। लखनऊ निवासी केसरी नामक बुजुर्ग महिला करीब एक महीने से अस्पताल में भर्ती हैं। मरीज़ के तीमारदारों ने बार-बार ड्यूटी पर तैनात नर्स से वीगो (IV Cannula) लगाने का अनुरोध किया। आरोप है कि तीमारदारों का बार-बार बुलाना नर्स को नागवार गुजरा। गुस्से में आकर उसने महिला के गलत जगह पर वीगो लगा दिया।

वीगो लगने के बाद महिला के हाथ में तेजी से सूजन आ गई, जिसकी सूचना भी तीमारदारों ने तुरंत नर्स को दी। लेकिन नर्स ने इसे पूरी तरह अनदेखा कर दिया और दोबारा मरीज़ को देखने नहीं आई। इस घोर लापरवाही के कारण मरीज़ का हाथ धीरे-धीरे काला पड़ने लगा।

गंभीर आशंका और जांच का गठन

लापरवाही का खुलासा तब हुआ जब नर्स की ड्यूटी बदली गई। दूसरी नर्स ने पुष्टि की कि वीगो गलत तरीके से लगाया गया था, जिसके कारण यह गंभीर सूजन आई। अब डॉक्टरों को आशंका है कि गलत वीगो और समय पर इलाज न होने के कारण संक्रमण गंभीर रूप ले चुका होगा, जिससे बुजुर्ग महिला का हाथ काटना पड़ सकता है।

मरीज़ की हालत बिगड़ने और तीमारदार की शिकायत के बाद KGMU प्रशासन ने इस पर संज्ञान लिया है। KGMU के प्रवक्ता डॉ. केके सिंह ने बताया कि मामले की जांच के लिए एक समिति गठित कर दी गई है। उन्होंने स्वीकार किया कि गलत वीगो लगने से हाथ काला पड़ जाए तो उसे काटने की नौबत आ सकती है। डॉ. सिंह ने आश्वस्त किया कि जांच में दोषी पाए जाने पर नर्स के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।