हदसे को एक हफ्ते से ज्यादा…पर जवाब अब तक नहीं, बेंगलुरु भगदड़ मामले में सुनवाई पूरी

bengaluru stampede

आईपीएल में 3 जून को मिली जीत के बाद 4 जून को विक्ट्री परेड में मची भगदड़, 11 लोगों की मौत और 50 से ज्यादा लोग घायल हुए। आरसीबी के मार्केटिंग हेड निखिल सोसले की याचिका पर सुनवाई पूरी हो चुकी जिसपर कोर्ट अपना फैसला गुरुवर दोपहर 2.30 बजे सुनाएगी।

इस भगदड़ में हुई मौत का ज़िम्मेदार कौन ये भी अभी तक पता नहीं चल पाया है। कर्नाटक हाई कोर्ट ने आरसीबी और बीसीसीआई को चिन्नास्वामी स्टेडियम के बाहर हुई भगदड़ का सीधा ज़िम्मेदार ठहराया है। इस मामले की जांच अब क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन डिपार्टमेंट (सीआईडी) के हाथों सौंप दिया गया है। सूत्रों से ये भी पता चला कि आरसीबी के मार्केटिंग हेड निखिल सोसले भागने की तैयारी कर चुके थे जिसके लिए फ्लाइट की टिकट भी बुक हो चुकी थी अगली सुबह की।

अनुमति नहीं मांगी, सिर्फ जानकारी दी

आरसीबी को फिनाले में पहुंचने जाने की जानकारी होने के बाद भी उन्होंने ने प्रशसान से ना तो विक्ट्री परेड की अनुमति ली ना ही स्टेडियम में जश्न मनाने की। मैच शुरू होने से सिर्फ एक घंटे पहले 3 जून को प्रशासन को एक चिट्ठी लिखी गई जिसमें जुलूस की जानकारी थी। जीत के बाद आरसीबी ने सोशल मीडिया पर कई पोस्ट किए, जिसमें फैंस को विक्ट्री परेड में शामिल होने के लिए कहा गया।

आरसीबी की सरकार को गुमराह करने की कोशिश

एडवोकेट जनरल ने बताया कि इस प्राइवेट कार्यक्रम को सरकारी कार्यक्रम जैसा दिखाया गया। सोशल मीडिया पर भी आरसीबी ने फ्री पास की बात कही पर ये स्पष्ट नहीं किया कौन अंदर जाएगा और कोन नहीं।

मृतकों के परिवार के लिए मुआवज़े का ऐलान

आरसीबी की विक्ट्री परेड में मरे 11 लोगों के परिजनों को 25 लाख रुपये देने का एलान किया गया है कर्नाटक सरकार द्वारा। आरसीबी ने भी मृतकों के परिवार वालों को 10 लाख रुपये देने की घोषणा की है।

3 जून को जीतने के बाद आरसीबी ने विक्ट्री परेड का ऐलान किया। 4 जून को आयोजन में शामिल होने के लिए सोशल मीडिया पर पोस्ट डाले गए जिसके कारण क्षमता से ज्यादा लोग शामिल हो गए इसमें। पुलिस ने 11 लोगो की मौत और 50 से ज्यादा लोगो के घायल होने पर आरसीबी, डीएनए एंटरटेनमेंट नेटवर्क और कर्नाटक राज्य क्रिकेट एसोसिएशन पर एफआईआर दर्ज की है। इसमे पुलिस अफसरों को जिम्मेदारी सौंपी गई, जिसके बाद कई पुलिस अधिकारियों को सस्पेंड कर दिया गया और नई नियुक्तियां भी की गईं।