कलेक्टर्स-कमिश्नर कॉन्फ्रेंस से पहले रोड सेफ्टी  प्रेजेंटेशन

कलेक्टर्स-कमिश्नर कॉन्फ्रेंस से पहले रोड सेफ्टी  प्रेजेंटेशन सफर मे हादसों का जोखिम घटाने और ट्रैफिक सुगमता बढ़ाने पर जोर

 प्रशासनिक संवाददाता, भोपाल: मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के साथ कांफ्रेंस में शामिल होने से पहले डीजीपी कैलाश मकवाना ने रेंज एडीजीआईजी और पुलिस अधीक्षकों की दूसरे दिन भी बैठक ली। बुधवार को हुई बैठक में दूरसंचार और रोड सेफ्टी  से संबंधित डीजीपी ने सभी पुलिस अफसरों से बात की। इस दौरान ट्रॉफिस सुधार को लेकर चले अभियान की भी समीक्षा की गई। पीटीआरआई और टेलिकम्युनिशेन के अफसरों ने इस पर प्रेजेंटेशन दिया।  इससे पहले मंगलवार को भी डीजीपी ने इन सभी अफसरों की बैठक ली थी। रोड सेफ्टी  पर पीटीआरआई के एडीजी मोहम्मद शाहिद अबसार ने प्रेजेंटशेन दिया। प्रेजेंटेशन में उन्होंने रोड सेफ्टी के विभिन्न पहलुओं पर प्रकाश डाला, साथ ही बताया कि किस तरह से सड़क हादसों को कम किया जा सकता है। 

बैठक में कुछ अफसरों ने उनके रेंज में सड़क हादसों की स्थिति, पुलिस द्वारा पिछले महीने चलाए गए  यातायात सुधार के लिए अभियान के साथ ही आने वाले समय में उनके क्षेत्र में यातायात की कैसी व्यवस्था  होना चाहिए, जिससे सड़क हादसों पर अंकुश लग सके। इस पर भी अपने सुझाव दिए। सड़क हादसों पर हर हाल में अंकुश लगाने के डीजीपी ने  सभी को निर्देश दिए हैं। वहीं थानों में लगे कैमरे, सिटी सर्विलांस के तहत शहरों में लगे कैमरे आदि की मॉनिटरिंग और उनके रख रखाव की स्थिति भी डीजीपी ने जानी। डायल 112, वायरलेस सेट आदि के अपडेशन को लेकर भी अफसरों ने इस बैठक में बताया। 

कल यह दिए थे निर्देश 

मंगलवार को पीएचक्यू में हुई बैठक में डीजीपी कैलाश मकवाना ने वीवीआईपी मूवमेंट्स के दौरान पूरी सतर्कता बरतने के निर्देश देते हुए कहा था कि संवेदनशील मामलों में तुरंत निष्पक्ष कार्रवाई की दिशा में कदम उठाने की जरूरत है। साइबर अपराध, नक्सल गतिविधियों और मादक पदार्थों के नेटवर्क पर ठोस रणनीति बनाई जाए। सीएम हेल्पलाइन और डीजीपी की जनसुनवाई में आए मामलों का तत्काल निराकरण करने सहित कानून व्यवस्था का कायम रखने के लिए कई निर्देश दिए थे।