भोपाल: राजधानी में करीब 1100 पटाखा दुकानों को अनुमति दी गई है। यहां पर बारीक नजर रखने और व्यवस्थाओं की निगरानी के लिए कलेक्टर कौशलेंद्र विक्रम सिंह ने सभी संबंधित एसडीएम को निर्देश जारी किए हैं। किसी भी तरह की कमी पाए जाने पर आम जनता और दुकानदार सीधे सामंजस्य टीम को सूचना दे सकती है। इसमें जिले के सभी प्रमुख एसडीएम को जिम्मेदारी सौंपी गई है।
भोपाल जिले में आतिशबाजी की थोक एवं फुटकर दुकानें चिन्हित स्थलों पर लगाने के संबंध में आदेश जारी कर दिए गए हैं। जिला प्रशासन के अनुसार दुकानों में सुरक्षा की पर्याप्त व्यवस्था लायसेंसियों द्वारा की जाती है तथा नगर निगम द्वारा भी इन स्थानों पर फायर ब्रिगेड, साफ-सफाई एवं पार्किंग आदि की व्यवस्था की जाती है। इसके बाद भी यदि इन दुकानों की व्यवस्था आदि में कोई कमी दिखती है, तो 17 अक्टूबर तक एडीएम कार्यालय या संबंधित क्षेत्र के एसडीएम को सूचना दे सकते हैं।निगरानी टीम को पटाखा बाजारों में तैनात रहने और लापरवाही नहीं करने के लिए लगातार औचक निरीक्षण करेगी, जिससे बाजार में किसी तरह की समस्या न हो। दुकानदारों को फायर एक्सटिंग्विशर, रेत की बाल्टियां और अन्य सुरक्षा उपकरण रखना अनिवार्य होगा। थोक के लिए 20 दुकानें और 500 किलो तक भंडारण वाली 14 दुकानें स्थायी अनुमति प्राप्त होंगी। अपर कलेक्टर प्रकाश नायक ने बताया कि प्रत्येक एसडीएम अपने क्षेत्र में सुरक्षा और व्यवस्था की निगरानी करेंगे। इस संबंध में निर्देश जारी किए गए हैं।