मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सीधी में क्षमता निर्माण कार्यशाला का किया उद्घाटन

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने शुक्रवार, 9 जनवरी 2026 को सीधी जिले के बहरी क्षेत्र में विभिन्न सरकारी विभागों के लाभार्थियों के लिए विशेष प्रशिक्षण सह उन्मुखीकरण कार्यक्रम (क्षमता निर्माण कार्यशाला) का उद्घाटन किया। यह कार्यक्रम राज्य सरकार की योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने और हितग्राहियों को सशक्त बनाने के उद्देश्य से आयोजित किया गया था।

कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने कुल 209 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास किया, जिनकी अनुमानित लागत 201 करोड़ 64 लाख रुपये है। इनमें से 179 कार्यों (लगभग 68 करोड़ रुपये से अधिक) का सीधे उद्घाटन किया गया, जबकि 30 परियोजनाओं (133 करोड़ 62 लाख रुपये) का भूमि-पूजन हुआ। ये कार्य मुख्य रूप से अनुसूचित जाति कल्याण, आदिवासी विकास, उच्च शिक्षा, जनजातीय कार्य, वाटरशेड, राजस्व, लोक निर्माण, लोक स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा तथा स्कूल शिक्षा विभागों से जुड़े थे।

इसके अतिरिक्त, मुख्यमंत्री ने ‘एक बगिया मां के नाम’ योजना के तहत 505 हितग्राहियों को 11 करोड़ 58 लाख रुपये की राशि का हितलाभ एक क्लिक के माध्यम से वितरित किया। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने विभिन्न विभागों द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी का भी अवलोकन किया और लाभार्थियों से सीधा संवाद किया।

प्रमुख घोषणाएं और बिंदु:

  • बहरी में नया कॉलेज खोला जाएगा, जो अगले सत्र से शुरू होगा।
  • सिंहावल और देवसर के कॉलेजों में विज्ञान एवं वाणिज्य संकाय शुरू किए जाएंगे।
  • बहरी से चुरहट तक 64.54 किमी लंबी टू-लेन सड़क का निर्माण (लागत लगभग 129 करोड़ रुपये)।
  • सीधी की प्रसिद्ध पंजा दरी को GI टैग दिलाने की योजना, जिससे इसे वैश्विक पहचान मिलेगी।
  • प्रदेश में 12 जनवरी से 31 मार्च 2026 तक ‘संकल्प से समाधान महाअभियान-1’ चलेगा, जिसमें 106 प्रकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का घर-घर लाभ पहुंचाया जाएगा।

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने कहा कि राज्य का विकास अंतिम व्यक्ति तक पहुंचना चाहिए। उन्होंने ‘नया मध्य प्रदेश’ के निर्माण पर बल देते हुए शिक्षा, स्वास्थ्य, बुनियादी ढांचे और स्थानीय उद्योगों को मजबूत करने का संकल्प दोहराया। उन्होंने ग्रामीण क्षेत्रों में आत्मनिर्भरता बढ़ाने और महिलाओं, किसानों, युवाओं को सशक्त बनाने पर विशेष जोर दिया।