रांची के बाबा राइस मिल और जमशेदपुर के मनोज चौधरी के ठिकानों पर आयकर विभाग की छापेमारी

झारखंड की राजधानी रांची सहित कई जिलों में गुरुवार सुबह आयकर विभाग (Income Tax) ने बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया। विभाग की कई टीमों ने एक साथ बाबा राइस मिल ग्रुप से जुड़े ठिकानों पर छापेमारी शुरू की। पिस्का नगड़ी थाना क्षेत्र के बंधेया स्थित आटा और चावल मिल प्लांट के साथ-साथ कांके रोड और रातू रोड स्थित संचालकों के आवासों पर दस्तावेजों की गहन जांच की जा रही है। सुरक्षा के कड़े घेरे के बीच अधिकारी मिल के स्टॉक रजिस्टर, कंप्यूटर रिकॉर्ड, बिल-बुक और डिजिटल ट्रांजेक्शन को बारीकी से खंगाल रहे हैं। छापेमारी इतनी गोपनीय रखी गई कि स्थानीय पुलिस को भी इसकी भनक तब लगी जब टीमें मौके पर पहुंच गईं।

जमशेदपुर में कारोबारी मनोज चौधरी के बंगले पर जांच

छापेमारी का यह सिलसिला केवल रांची तक सीमित नहीं रहा। जमशेदपुर के बिष्टुपुर स्थित सर्किट हाउस रोड नंबर-3 में भी आयकर विभाग की अनुसंधान शाखा ने दस्तक दी है। यहाँ 33सी नंबर बंगले में, जो कारोबारी मनोज चौधरी का बताया जा रहा है, विभाग की टीम सुबह से मौजूद है। टीम घर के अंदर वित्तीय खातों और महत्वपूर्ण निवेश दस्तावेजों की जांच कर रही है। इसके अतिरिक्त हजारीबाग और अन्य जिलों में भी विभाग की टीमें सक्रिय हैं, जिससे पूरे राज्य के कारोबारी जगत में हड़कंप मच गया है।

टैक्स चोरी और संदिग्ध लेन-देन का मामला

विभागीय सूत्रों के अनुसार, आयकर विभाग को बाबा राइस मिल ग्रुप और संबंधित कारोबारियों द्वारा भारी टैक्स चोरी, संदिग्ध बैंक ट्रांजेक्शन और आय से अधिक संपत्ति के पुख्ता इनपुट मिले थे। इसी आधार पर पूरे राज्य में एक साथ यह सुनियोजित कार्रवाई की गई है। हालांकि, अभी तक विभाग की ओर से कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है, लेकिन आशंका जताई जा रही है कि घंटों से चल रही इस जांच में कई बेनामी संपत्तियों और अघोषित निवेश का खुलासा हो सकता है।