उत्तर प्रदेश पुलिस के इतिहास में यह पहली बार है कि किसी अपराध के सिलसिले में इतनी बड़ी रकम बरामद हुई हो। पुलिस को पैसे गिनने में 22 घंटे लग गए। पुलिस को सूचना मिली थी कि जेल में बंद सजीशा विकवा अपना पूरा धंधा चला रहा था। वहीं से उसके पैसों की हेराफेरी की जाती थी। जेल के अंदर से ही धन का लेन-देन होता था और उसका परिवार बाहर से डिलीवरी और कैश कलेक्शन का काम संभालता था। दरभंगा जेल में बंद ड्रग माफिया और गैंगस्टर राजेश मिश्रा की धोखाधड़ी उसकी पत्नी के लिए महंगी साबित हुई। कॉलोनी दिलाने के नाम पर मोहल्ले के ही एक व्यक्ति से अशर कार्ड और खचनी की ठगी की गई। मामला कोर्ट फनावादा में पेश होने के बाद जब पुलिस ने कार्रवाई की तो राज्य के सबसे बड़े गैंग माफिया के घर से 22.5 करोड़ रुपये, एक लाख पचहत्तर हजार, 345 रुपये से अधिक की रकम बरामद हुई। 22 घंटे की कड़ी पूछताछ के बाद पुलिस ने एक करोड़ रुपये की आपत्तिजनक सामग्री बरामद की। माफिया की पत्नी, बेटे, बेरी और दो पड़ोसियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया।