बेतवा नदी पर बन रहे 900 मीटर लंबे निर्माणाधीन पुल का एक बड़ा हिस्सा देर रात तेज आंधी-तूफान के कारण अचानक ढह गया। इस दुर्घटना में अब तक 6 मजदूरों की मौत हो चुकी है, जबकि कई अन्य मजदूर मलबे में फंसे होने की आशंका है।
ललपुरा क्षेत्र के मोराकांडर और परसनी (कुरारा) को जोड़ने वाले इस पुल पर काम चल रहा था। घटना गुरुवार रात करीब 2 से 3 बजे के बीच हुई, जब अचानक मौसम बिगड़ा और तेज हवा-तूफान उठा। इसी दौरान पुल की भारी कंक्रीट स्लैब भरभराकर नीचे गिर गई, जिसके नीचे काम कर रहे और आराम कर रहे मजदूर दब गए।
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन, पुलिस और राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF) की टीमें मौके पर पहुंच गईं। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अरविंद कुमार वर्मा के नेतृत्व में रेस्क्यू अभियान शुरू कर दिया गया। भारी मशीनरी की मदद से मलबा हटाने और फंसे हुए लोगों को निकालने का काम तेजी से चल रहा है। अधिकारियों ने बताया कि सभी फंसे लोगों को बाहर निकालने को प्राथमिकता दी जा रही है। मृतकों की संख्या बढ़ने की आशंका जताई जा रही है।
मुख्यमंत्री योगी ने जताया दुख
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस दुर्घटना पर गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने जिला प्रशासन को तुरंत मौके पर पहुंचकर बचाव कार्य की निगरानी करने के निर्देश दिए हैं। सीएम ने घायलों के उत्तम इलाज, पीड़ित परिवारों को हर संभव मदद और नियमानुसार उचित मुआवजे का भरोसा दिलाया है।
विपक्ष ने मांगी CBI जांच
घटना के बाद विपक्षी दल समाजवादी पार्टी ने सरकार पर लापरवाही का आरोप लगाया है। पार्टी नेताओं ने निर्माण कार्य में कथित अनियमितताओं का हवाला देते हुए इसकी CBI जांच की मांग की है। साथ ही, मृतकों के परिवारों को 2-2 करोड़ रुपये की विशेष आर्थिक सहायता देने की मांग भी उठाई गई है।