मध्य पूर्व में बढ़ते भू-राजनीतिक संकट और अमेरिकी फेडरल रिजर्व की आगामी ब्याज दर नीति को लेकर बनी अनिश्चितता के कारण निवेशकों ने शुक्रवार को सावधानी बरती। इस वजह से कीमती धातुओं के बाजार में मिश्रित रुझान देखने को मिला, जहां सोना हल्की गिरावट के साथ खुला, जबकि चांदी शुरुआती कमजोरी के बाद मजबूत वापसी करते हुए बढ़त पर रही।
अंतरराष्ट्रीय बाजार में कॉमेक्स पर सोना 4,135 डॉलर प्रति औंस के आसपास फिसल गया। वहीं चांदी 60.75 डॉलर प्रति औंस के स्तर के करीब कारोबार कर रही थी।
भारतीय वायदा बाजार एमसीएक्स पर भी सोने का अगस्त अनुबंध नरम रुख के साथ 1,42,900 रुपये के आसपास रहा। चांदी का सितंबर अनुबंध 2,26,850 रुपये के करीब पहुंच गया।
एमसीएक्स पर सोने का बेंचमार्क अगस्त अनुबंध 410 रुपये की गिरावट के साथ 1,44,890 रुपये पर खुला, जबकि पिछला बंद भाव 1,45,300 रुपये था। कारोबार के दौरान यह 384 रुपये कमजोर होकर 1,44,916 रुपये पर पहुंच गया। इस दौरान इसने 1,45,061 रुपये का उच्चतम और 1,44,860 रुपये का निचला स्तर छुआ। इस साल सोना 1,80,779 रुपये के सर्वकालिक उच्चतम स्तर तक पहुंच चुका है।
इसके उलट चांदी के सितंबर अनुबंध ने शुरुआती सुस्ती के बाद जोरदार रिकवरी दिखाई। यह 11 रुपये की मामूली गिरावट के साथ 2,26,368 रुपये पर खुला, लेकिन बाद में 477 रुपये की मजबूती के साथ 2,26,854 रुपये पर पहुंच गया। पिछला बंद भाव 2,26,377 रुपये था। दिनभर के कारोबार में चांदी ने 2,26,960 रुपये का उच्चतम और 2,25,871 रुपये का न्यूनतम स्तर दर्ज किया। इस साल चांदी 4,20,048 रुपये प्रति किलो के उच्चतम स्तर तक जा चुकी है।
कॉमेक्स पर भी सोने में दबाव बना रहा, जहां यह 5.70 डॉलर की गिरावट के साथ 4,135.10 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रहा था। वहीं चांदी ने शुरुआती कमजोरी से उबरते हुए 0.16 डॉलर की बढ़त हासिल कर 60.91 डॉलर प्रति औंस के स्तर पर पहुंच गई।