इंदौर: घर पहुंचा दूध अब ₹65 का, किसान बोले ₹70 से कम नहीं चलेगा  

1 अक्टूबर 2026 से शहर में दूध महंगा हो गया है। इंदौर दूध विक्रेता संघ ने घर पर पहुंचने वाले दूध का भाव ₹63 से बढ़ाकर ₹65 प्रति लीटर कर दिया है। दुकानों और डेयरियों पर बिकने वाले खुले दूध का रेट अब ₹68 प्रति लीटर तय किया गया है। ये नई दरें आज से लागू हो गई हैं।

दूसरी तरफ मध्य प्रदेश दूध किसान संघ इस बढ़ोतरी से संतुष्ट नहीं है। संघ के अध्यक्ष दिलीप सिंह पंवार का कहना है कि हालिया बढ़ोतरी में ₹1 डिलीवरी चार्ज भी शामिल है, इसलिए किसानों को असल में ज्यादा फायदा नहीं मिल रहा। वे खरीद मूल्य कम से कम ₹70 प्रति लीटर या फैट के हिसाब से ₹12 प्रति यूनिट की मांग कर रहे हैं। उन्होंने चेतावनी दी है कि अगर मांग नहीं मानी गई तो सप्लाई रोकने पर विचार किया जा सकता है, हालांकि अभी कोई फैसला नहीं लिया गया है।

विक्रेताओं का तर्क

इंदौर दूध विक्रेता संघ के अध्यक्ष भरत मथुरावाला ने बताया कि पहले घर पहुंच दूध में ₹62 दूध का भाव और ₹1 डिलीवरी चार्ज शामिल था। अब दूध का हिस्सा ₹64 और डिलीवरी ₹1 रखकर कुल ₹65 कर दिया गया है। दुकान वाले दूध का रेट ₹68 रखा गया है। उन्होंने पशु आहार की बढ़ी कीमतों और कम बारिश से उत्पादन प्रभावित होने को वजह बताया। किसानों को अब ₹8.90 की जगह ₹9.23 प्रति फैट यूनिट भुगतान मिलेगा, यानी करीब 33 पैसे की बढ़ोतरी। संघ का कहना है कि उपभोक्ताओं पर ज्यादा बोझ नहीं डाला जा सकता।

किसानों की आपत्ति

किसान संघ का आरोप है कि कुछ अन्य व्यापारी ₹65 से ₹68 में दूध खरीदकर ₹70-72 में बेच रहे हैं। ऐसे में किसानों को भी उचित कीमत मिलनी चाहिए। पशु आहार (खली और भूसा) की लागत काफी बढ़ गई है, इसलिए वे ₹70 की मांग पर अड़े हुए हैं।