एम्स भोपाल में नेत्र विभाग की लेसिक सर्जरी यूनिट अब तक शुरू नहीं, मरीज़ परेशान

Lasik surgery unit of eye department has not started yet in AIIMS Bhopal: राजधानी के एम्स (AIIMS) भोपाल में आंतरिक विवादों के कारण मरीजों को मिलने वाली सुविधाओं में लगातार देरी हो रही है. जानकारी के अनुसार, अस्पताल के नेत्र विभाग की लेसिक सर्जरी यूनिट (रिफ्रेक्टिव सर्जरी सूट) अभी तक चालू नहीं हो पाई है, जिससे इलाज के लिए आने वाले मरीजों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. हैरानी की बात यह है कि इस यूनिट को शुरू करने के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय से प्रस्ताव और फंड पहले ही मिल चुका है.

फंड मिलने के बावजूद लटका काम

बताया जा रहा है कि एम्स में रिफ्रेक्टिव सर्जरी सूट शुरू करने का प्रस्ताव वर्ष 2022 में दिया गया था. इस प्रस्ताव को 2023 में केंद्रीय स्वास्थ्य सचिव राजेश भूषण और बाद में सुधांशु पंत ने भी अपनी स्वीकृति दे दी थी. इतना ही नहीं, इस परियोजना के लिए 2024 में 15 करोड़ रुपये का फंड भी जारी कर दिया गया था, लेकिन इसके बावजूद यह महत्वपूर्ण सर्जरी सूट अब तक अपनी सेवाएं शुरू नहीं कर पाया है.

विभागाध्यक्ष ने टाली जिम्मेदारी

इस मामले में जब नेत्र रोग विभागाध्यक्ष डॉ. भावना शर्मा से बात की गई, तो उन्होंने इस देरी की जिम्मेदारी लेने से इनकार कर दिया. डॉ. शर्मा ने कहा कि वे इसकी जिम्मेदार नहीं हैं. उन्होंने बताया कि वे सभी विभागों और कार्यकारी निदेशक के नामित सदस्यों की तरह तकनीकी विनिर्देश मूल्यांकन समिति का हिस्सा हैं. उन्होंने यह भी दावा किया कि इस संबंध में नियमों का कोई उल्लंघन नहीं हुआ है. हालांकि, फंड और स्वीकृति मिलने के बावजूद यूनिट का शुरू न हो पाना अस्पताल प्रशासन और संबंधित विभागों के बीच समन्वय की कमी को दर्शाता है, जिसका खामियाजा सीधे तौर पर मरीजों को भुगतना पड़ रहा है.