देश के मध्य और पश्चिमी हिस्सों में गर्मी ने विकराल रूप ले लिया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, महाराष्ट्र के अकोला शहर में बुधवार को अधिकतम तापमान 44.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो पूरे देश में सबसे ऊंचा रहा। विदर्भ क्षेत्र के अन्य शहरों में भी पारा 43 डिग्री के पार पहुंच गया, जिससे जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हुआ है।
भीषण गर्मी को देखते हुए महाराष्ट्र के वर्धा जिले में गुरुवार को सभी स्कूल बंद रखने का फैसला लिया गया। स्थानीय प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि दोपहर के समय घर से बाहर निकलने से बचें और जरूरी सावधानियां बरतें। अमरावती, नागपुर, यवतमाल और सोलापुर जैसे इलाकों में भी तापमान 43 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहा, जिससे लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ा।
राजस्थान में बाड़मेर सबसे गर्म स्थान रहा, जहां तापमान 42 डिग्री से ऊपर पहुंच गया। जयसलमेर, कोटा और चुरू में भी 41 डिग्री के करीब गर्मी दर्ज की गई। उत्तर प्रदेश में बांदा जिले में पारा 44 डिग्री तक चढ़ गया, जबकि प्रयागराज में भी 43 डिग्री के आसपास तापमान रहा। मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ के कुछ हिस्सों में भी 42-43 डिग्री तापमान ने मुश्किलें बढ़ा दी हैं।
IMD ने राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र, उत्तर प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक और ओडिशा समेत 8 राज्यों में लू की चेतावनी जारी की है। विदर्भ क्षेत्र, मराठवाड़ा और मध्य महाराष्ट्र में 15 से 19 अप्रैल तक लू की स्थिति बनी रहने की संभावना है। कुछ इलाकों में तापमान और बढ़ सकता है, हालांकि 21 अप्रैल के बाद थोड़ी राहत मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
IMD का अनुमान:
- महाराष्ट्र (विदर्भ): 15-19 अप्रैल तक लू की संभावना
- राजस्थान (पश्चिमी भाग): गर्मी जारी रहने का अलर्ट
- उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़: 16-19 अप्रैल तक तापमान में बढ़ोतरी