भाजपा ने मध्य प्रदेश में लगाई सख्त टाइमलाइन, अब हर बैठक तय तारीख पर

भारतीय जनता पार्टी ने मध्य प्रदेश में अपने संगठनात्मक ढांचे को और अधिक अनुशासित एवं प्रभावी बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण नई व्यवस्था शुरू की है। पार्टी ने पहली बार बैठकों और क्षेत्रीय दौरों के लिए पूरे महीने की एक सख्त समय-सारणी तय कर दी है। अब प्रदेश अध्यक्ष से लेकर बूथ स्तर तक के हर कार्यकर्ता को स्पष्ट रूप से पता होगा कि महीने के किस तारीख को, कहां और किन नेताओं के साथ बैठक करनी है।

इस नई कार्ययोजना का मुख्य लक्ष्य संगठन और सरकार के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना तथा जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित करना है।

पहला सप्ताह (1 से 7 तारीख): मंडल स्तर की बैठकें

महीने के पहले सप्ताह में पार्टी का पूरा फोकस मंडल स्तर पर रहेगा। 1 से 7 तारीख के बीच हर मंडल की बैठकें अनिवार्य रूप से आयोजित की जाएंगी। इन बैठकों में जिला अध्यक्ष और जिला प्रभारी की उपस्थिति अनिवार्य होगी। बैठक में मंडल अध्यक्ष, मंडल पदाधिकारी, मोर्चा अध्यक्ष और वार्ड संयोजक शामिल होंगे।

दूसरा सप्ताह (7 से 10 तारीख): जिला स्तर की बैठकें

दूसरे चरण में गतिविधियों का केंद्र जिला मुख्यालय रहेगा। 7 से 10 तारीख के बीच जिला स्तरीय बैठकें होंगी। इनमें संभाग प्रभारी, जिला प्रभारी और जिला अध्यक्ष की मौजूदगी जरूरी होगी। बैठक में जिला पदाधिकारियों, मंडल अध्यक्षों और विभिन्न मोर्चों के जिला अध्यक्षों के साथ आगामी योजनाओं तथा स्थानीय विकास कार्यों की समीक्षा की जाएगी।

तीसरा सप्ताह (11 से 20 तारीख): प्रदेश स्तरीय बैठकें और प्रवास

महीने के मध्य में प्रदेश स्तर की अहम बैठकें और वरिष्ठ नेताओं के क्षेत्रीय दौरों का कार्यक्रम रखा गया है। 15 से 20 तारीख के बीच प्रदेश पदाधिकारियों, संभाग प्रभारियों और जिला प्रभारियों की बैठक आयोजित होगी।

इसके अलावा, 11 से 20 तारीख के दौरान विभिन्न मोर्चों के प्रदेश अध्यक्ष अलग-अलग संभागों का दौरा करेंगे। यह व्यवस्था इसलिए की गई है ताकि सभी मोर्चा अध्यक्ष एक ही क्षेत्र में न रहकर पूरे प्रदेश में संगठन की स्थिति की समीक्षा कर सकें।

चौथा सप्ताह (21 से 25 तारीख): मंडल और शक्ति केंद्र बैठकें

21 से 25 तारीख के बीच मंडल अध्यक्ष, शक्ति केंद्र प्रभारी और बूथ अध्यक्षों की बैठकें होंगी। इन बैठकों में आगामी रविवार को होने वाले ‘मन की बात’ कार्यक्रम और बूथ समिति की बैठक का एजेंडा तय किया जाएगा। ये बैठकें हर महीने रोटेशन के आधार पर 50 प्रतिशत मंडलों में आयोजित की जाएंगी।

अंतिम सप्ताह (23 से 30 तारीख): टिफिन बैठक

महीने के अंतिम चरण में कार्यकर्ताओं के बीच आपसी सामंजस्य और एकता बढ़ाने के लिए अनोखी ‘टिफिन बैठक’ का आयोजन किया जाएगा। शक्ति केंद्र टोली की बैठक के बाद 23 से 30 तारीख के बीच यह बैठक अनिवार्य रूप से होगी।

इसके साथ ही, महीने के आखिरी रविवार को बूथ स्तर पर ‘मन की बात’ कार्यक्रम का आयोजन होगा, जिसमें बूथ की 11 सदस्यीय टीम के साथ स्थानीय वरिष्ठ कार्यकर्ता और प्रमुख मतदाताओं को भी शामिल किया जाएगा।