Madhya Pradesh cabinet approves many important matters: प्रदेश की तीनों विद्युत वितरण कंपनियों में 49 हजार 263 नवीन पदों का सृजन कर उनपर तैनाती की जाएगी वहीं 17 हजार 620 अनुपयोगी पद समाप्त किए जाएंगे और 5 हजार 650 पदों को डाइंग कैडर में डालकर वहां सेवानिवृत्ति और त्यागपत्र की स्थिति में इन पदों को समाप्त किया जाएगा। वहीं प्रदेश के ऐसे किसान जो आर्थिक स्थिति खराब होंने के कारण सालों से जलसंसाधन विभाग का कृषि सिचाई राजस्व जमा नहीं कर पा रहे है। यदि वे सिचाई जलकर की बकाया मूल राशि एक साथ जमा करते है तो ब्याज की राशि सरकार माफ करेगी। इस पर सरकारी खजाने पर 84 करोड़ रुपए का भार आएगा। कैबिनेट में इन सभी प्रस्तावों पर चर्चा की गई। इसके अलावा प्रदेश में समर्थन मूल्य पर मूंग और उड़द उपार्जनप हेतु निशुल्क शासकीय प्रत्याभूमि एवं रबि विपणन वर्ष 24-25 में लक्ष्य से अधिक उपार्जित ग्रीष्म मूंग की स्वीकृति देने और 25-26 में मूंग और उड़द के पंजीकृत किसानों से उपार्जन राज्य उपार्जन एजेंसी मार्कफेड द्वारा कराए जाने का निर्णय लिया गया।
किसानों से जलकर वसूली के लिए वन टाइम सेटलमेंट योजना
सीएम डॉ मोहन यादव की अध्यक्षता में मंत्रालय में कैबिनेट बैठक में जलसंसाधन विभाग के सिंचाई जलकर बकाया पर भी चर्चा हुई। इस राशि की वसूली के लिए विभाग ने वन टाइम सेटलमेंट योजना बनाई है। इसके तहत 31 मार्च 2025 तक बकाया कुल सिचाई जलकर की मूल राशि 31 मार्च 2026 तक जो किसान एक साथ जमा करेंगे उन्हें उस पर लगाया गया ब्याज माफ किया जाएगा। इससे ब्याज के रुप में जलसंसाधन विभाग को 84 करोड़ 17 लाख रुपए माफ करने होंगे। वहीं बकाया मूल सिचाई राजस्व की राशि विभाग को मिल जाएगी।
वन विभाग को 1478 करोड़
वन विभाग के एक प्रस्ताव में कैंपा निधि हेतु वर्ष 25-26 की वार्षिक कार्य आयोजना में अनुमोदित कार्यो के निष्पादन के लिए 1478 करोड़ 38 लाख रुपए के उपयोग की स्वीकृति देने चर्चा की गई। इस राशि से पिछले सालों के कामों के रखरखाव, क्षतिपूर्ति, वृक्षारोपण, लेंडस्कैप के आधार पर विकास से संबंधित काम किए जाएंगे।
पंचायत विभाग में नवीन पद
पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग में संचालक, अपर संचालक, संयुक्त संचालक, उप संचालक, सहायक संचालक के 129 पदों पर नर्मदापुरम, चंबल और शहडोल संभाग तथा प्रदेश के अन्य क्षेत्रीय कार्यालयों में स्थानीय निधि संपरीक्ष खोलने और चार नवगठित जिलों मैहर, मऊगंज, एवं पांर्ढुना में पदों के निर्माण की मंजूरी देने चर्चा की गई।