भोपाल (मध्य प्रदेश)। ड्रग्स तस्करी के एक मामले में राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) की विशेष अदालत ने हाल ही में नशीले पदार्थों के साथ पकड़ी गई एक युगांडा की महिला को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
डीआरआई की रीजनल यूनिट ने आरोपी महिला को 28 अगस्त को भोपाल रेलवे स्टेशन से गिरफ्तार किया था। जानकारी के मुताबिक वह दिल्ली से ट्रेन के जरिए मुंबई जा रही थी, जहां उसे करोड़ों की क्रिस्टल मेथ की खेप सप्लाई करनी थी। लेकिन खुफिया इनपुट के आधार पर अधिकारियों ने उसे भोपाल में ही दबोच लिया।
अधिकारियों ने बताया कि आरोपी को अदालत में पेश किया गया, जहां से उसे आदेशानुसार भोपाल सेंट्रल जेल भेज दिया गया। फिलहाल उसे पुलिस रिमांड पर नहीं लिया गया है। यदि आगे पूछताछ की ज़रूरत पड़ती है तो डीआरआई अधिकारी जेल जाकर उससे पूछताछ करेंगे।
अधिकारियों ने यह भी कहा कि इस कार्रवाई में रेलवे सुरक्षा बल (RPF) की भूमिका अहम रही।
क्रिस्टल मेथ: बेहद खतरनाक और जानलेवा ड्रग
क्रिस्टल मेथ, जिसे आइस या ग्लास भी कहा जाता है, एक बेहद खतरनाक और नशे की लत लगाने वाला सिंथेटिक ड्रग है। इसे लिथियम, एसिड और आयोडीन जैसे केमिकल्स मिलाकर तैयार किया जाता है। इसे आमतौर पर सिगरेट में पीकर, इंजेक्शन से या सूंघकर लिया जाता है। इसका सेवन शरीर और दिमाग दोनों पर बेहद बुरा असर डालता है और अनिद्रा जैसी गंभीर बीमारियों का कारण बन सकता है, जो जानलेवा भी साबित हो सकती है।
15 दिनों में तीसरी बड़ी कार्रवाई
यह मामला पिछले पंद्रह दिनों में डीआरआई की तीसरी बड़ी कार्रवाई है।
- 16 अगस्त को भोपाल के जगदीशपुर इलाके में एक फैक्ट्री पर छापा मारकर 92 करोड़ रुपये की मेफेड्रोन बरामद की गई थी।
- इसके चार दिन बाद राजधानी एक्सप्रेस से दो तस्करों को पकड़ा गया और उनसे करीब 24 करोड़ रुपये की हाइड्रोपोनिक गांजा जब्त की गई।