मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव को देशभक्ति बनाम विदेशी घुसपैठ की लड़ाई करार दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि ममता बनर्जी सरकार में बांग्लादेशी घुसपैठिए राज्य में आकर स्थानीय लोगों के अधिकारों पर कब्जा कर रहे हैं, जबकि मूल निवासी बेरोजगारी के कारण ओडिशा, झारखंड और महाराष्ट्र जैसे राज्यों की ओर पलायन कर रहे हैं।
बांकुरा जिले में भाजपा प्रत्याशियों के नामांकन दाखिल कराने पहुंचे डॉ. मोहन यादव ने चुनावी सभा को संबोधित करते हुए कहा, “एक तरफ देशभक्त हैं और दूसरी तरफ विदेशी घुसपैठिए। बांग्लादेश के लोगों के लिए भारत में कोई जगह नहीं है।” उन्होंने दावा किया कि पश्चिम बंगाल के चुनावी नतीजे भाजपा की जीत की ओर इशारा कर रहे हैं और युवा, महिलाएं, गरीब तथा किसान अपनी आन-बान-शान बचाने के लिए तैयार हैं।
मुख्यमंत्री ने कहा कि ममता बनर्जी सरकार के शासन में हिंदू समाज का अपमान किया गया और घुसपैठियों को संरक्षण दिया गया। अब हिसाब चुकाने का समय आ गया है। उन्होंने बताया कि केंद्र सरकार घुसपैठियों और असामाजिक तत्वों के खिलाफ तेजी से कार्रवाई कर रही है।
डॉ. मोहन यादव ने जोर देकर कहा, “दुनिया की कोई ताकत भाजपा को पश्चिम बंगाल में आने से नहीं रोक सकती। बंगाल का युवा और आम जनता अब बदलाव चाहता है।”